सहारनपुर में दो संप्रदायों के बीच हुई हिंसा के बाद फतेहाबाद में अलर्ट घोषित कर दिया गया है। पुलिस की टीमें लगातार दिन और रात गश्त कर रही हैं। फतेहाबाद की सीमा पंजाब से सटी होने के कारण और सिख बहुल इलाका होने के कारण खास एहतियात रखे जा रहे हैं। बस स्टैंड के आसपास और सार्वजनिक स्थानों पर पुलिस सादी वर्दी में नजर रखे है। गुरुद्वारों, मंदिरों और मस्जिदों की गतिविधियों पर भी पूरी नजर है। फतेहाबाद में वर्ष 1984 और 1987 में दंगे हो चुके हैं। इन दंगों में कई लोगों की जान चली गई थी और भारी संख्या में लोग घायल हो गए थे।
सीमा पर बढ़ाई सुरक्षा
अलर्ट होने के कारण फतेहाबाद की सीमा पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। आने-जाने वाली गाड़ियों पर नजर रखी जा रही है। यूपी और पंजाब नंबर की गाड़ियों पर विशेष नजर रखी जा रही है। रात को सीमाओं पर दिन की अपेक्षा ज्यादा चौकसी बरती जा रही है।
शहर में हैं पांच गुरुद्वारे, एक मस्जिद
शहर में पांच गुरुद्वारे और एक मस्जिद है। यहां मजारों की संख्या काफी है। ऐसे में पुलिस ने इन सभी संवेदनशील जगहों पर निगरानी तेज कर दी है। बस स्टैंड के चौकी प्रभारी सुरेंद्र कुमार ने बताया कि बस स्टैंड पर आने जाने वाले यात्रियों पर पैनी नजर रखी जा रही है। शक होने पर यात्रियों के सामान को चेक किया जा रहा है। बस स्टैंड के आसपास वाहनों को रोककर भी तलाशी ली जा रही है।
वर्जन
सहारनपुर में विवाद के बाद से पूरे जिले में अलर्ट घोषित किया हुआ है। माहौल न बिगड़े, इसके लिए संवेदनशील इलाकों पर नजर रखी जा रही है।
- नृपजीत सिंह, डीएसपी, फतेहाबाद