फतेहाबाद। हरियाणा रोडवेज वर्कर्स यूनियन के आह्वान पर शनिवार को डिपो पर रोडवेज कर्मचारियों ने दो घंटे विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की अध्यक्षता डिपो उपप्रधान राजकुमार बीघड़ ने की, जबकि मंच संचालन डिपो सचिव सूबे सिंह धनाना ने किया।
सरकार की निजीकरण नीति और कर्मचारियों की अनदेखी के खिलाफ नारेबाजी की और डिपो अधिकारियों को मांगों का ज्ञापन सौंपा। उपप्रधान राजकुमार बीघड़ ने कहा कि सरकार कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के प्रति गंभीर नहीं है, जिससे आंदोलन करने की नौबत आ रही है।
उन्होंने कहा कि कर्मचारी शांतिपूर्ण तरीके से समाधान चाहते हैं, लेकिन सरकार ध्यान ही नहीं दे रही है। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने किलोमीटर स्कीम, स्टेज कैरिज स्कीम 2016 और 362 रूटों पर 3658 प्राइवेट परमिट रद्द करने की मांग की।
उन्होंने विभाग में निजीकरण और ठेका प्रथा पर रोक लगाने, 10 हजार नई सरकारी बसें शामिल करने और निजी की जगह सरकारी इलेक्ट्रिक बसें चलाने की मांग भी दोहराई। कर्मचारी बोले, परिवहन मंत्री के साथ बातचीत में मानी गई मांगों को जल्द लागू किया जाए।
अन्य प्रमुख मांगों में पुरानी पेंशन स्कीम लागू करना, वेतन विसंगतियां दूर करना, कच्चे कर्मचारियों को पक्का करना और खाली पदों पर स्थायी भर्ती शामिल हैं। इसके अलावा अर्जित अवकाश के लाभ, ओवर टाइम बहाल करने, शिक्षा भत्ता व एलटीवी भत्ता जल्द जारी करने की भी मांग की गई।
कर्मचारियों ने कहा कि सरकार उनकी मांगों पर जल्द ध्यान दे। प्रदर्शन में विरेन्द्र कुलेरी, इंद्रपाल सहारण, सुनील, गोपाल सिंह, जावेद खान, राकेश सुथार, धर्मवीर सहित कई कर्मचारी शामिल रहे।