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Fatehabad News: हेपेटाइटिस सी मरीजों को राहत, अब सिरसा के साथ अग्रोहा भी भेजे जाएंगे सैंपल

Mon, 12 Jan 2026 10:55 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में मरीजों की जांच करते हुए विशेषज्ञ डॉ.मनीष टुटेजा संवाद
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फतेहाबाद। जिले में हेपेटाइटिस सी यानी काला पीलिया के मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। अब मरीजों के सैंपल सिरसा के अलावा अग्रोहा मेडिकल में भी जांच के लिए भेजे जाएंगे। किट न होने के कारण सैंपल करीब तीन माह तक बंद रहे थे। पिछले माह से ही इन्हें सिरसा भेजना शुरू किया गया था। यहां पर सिर्फ 20 सैंपल सप्ताह में एक ही दिन भेजे जा रहे हैं।
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मरीजों की बढ़ती संख्या 400 तक होने के कारण अब अग्रोहा मेडिकल में भेजे जाने का फैसला लिया गया है। नागरिक अस्पताल से 20 मरीजों के सैंपल मंगलवार और सिरसा और 20 अग्रोहा मेडिकल में जांच के लिए जाएंगे। अग्रोहा मेडिकल में जांच किट न होने से बंद की गई थी। लेकिन अब किट आने के कारण सैंपल भेजने शुरू किए जाएंगे ताकि चार से पांच माह से इंतजार कर रहे मरीजों को राहत मिल सके।
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वायरल लोड टेस्ट आधार पर शुरू होता है उपचार
लक्षण के आधार पर अस्पताल प्रशासन कार्ड टेस्ट करवा लेता है लेकिन वायरल लोड के आधार पर ही मरीज की दवाई शुरू होती है। वर्ष 2017 में जिला मुख्यालय में ही हेपेटाइटिस सी की जांच शुरू हुई थी। विभाग की तरफ से कूपन दिए जाते थे और निजी लैब में जांच होती थी, लेकिन 28 जुलाई 2022 को ये अनुबंध खत्म कर दिया और कोरोना जांच के लिए शुरू की गई आरटीपीसीआर लैब में सैंपल जांच के निर्देश दिए गए। लैब में माइक्रोबायलॉजिस्ट न होने के कारण जांच शुरू नहीं हो पाई। बीच में करीब 6 माह ही सैंपलों की जांच शुरू हुई थी जब विशेषज्ञ थे। इसके बाद अस्पताल की तरफ से सैंपल रोहतक, सिरसा, अग्रोहा तो कभी अंबाला भेजे जा रहे हैं।
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रेड जोन में शामिल रह चुका है जिला
हेपेटाइटिस सी को लेकर जिला रेड जोन में शामिल रह चुका है। रतिया क्षेत्र में हेपेटाइटिस सी के सबसे ज्यादा मरीज मिल चुके हैं। विशेषज्ञ डॉ. मनीष टुटेजा का कहना है कि हेपेटाइटिस पांच प्रकार के होते हैं। इसमें ए, बी, सी, डी व ई शामिल हैं। हेपेटाइटिस का वायरस संक्रमित रक्त, संक्रमित रक्त उत्पाद, दूषित सूई, रेजर, ब्रश से होता है। हेपेटाइटिस सी के अंतिम चरण में लीवर कैंसर तक हो सकता है।

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क्या है हेपेटाइटिस सी वायरल लोड टेस्ट

हेपेटाइटिस सी वायरल लोड टेस्ट एक रक्त परीक्षण है जो इसकी मात्रा को मापता है। परीक्षण यह निर्धारित करने में मदद करता है कि क्या किसी व्यक्ति को सक्रिय हेपेटाइटिस सी वायरल संक्रमण है। उपचार की प्रभावशीलता की निगरानी करने के लिए भी इसका उपयोग किया जाता है।
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ये रही है जिले में मरीजों की स्थिति

वर्ष 2017 से जुलाई 2025 तक मरीजों का पंजीकरण - 8868

उपचार के लिए चिह्नित मरीज - 6871

उपचार पूरा हुआ - 6520

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हेपेटाइटिस सी के सैंपलों को जांच के लिए अब अग्रोहा मेडिकल भी भेजा जाएगा। पहले सिरसा भेजे जा रहे है। दो जगहों पर सैंपल जाने से मरीजों को फायदा मिलेगा।
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- डॉ. मनीष टुटेजा, विशेषज्ञ
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