फतेहाबाद। जिले में खरीफ सीजन के दौरान बेमौसम बारिश से फसलें बर्बाद होने के बाद किसानों को मुआवजे की प्रतीक्षा थी लेकिन पांच दिन बीत जाने के बावजूद राशि उनके बैंक खातों में नहीं पहुंची। प्रदेश सरकार की ओर से किसानों के मोबाइल पर 8 मई को मुआवजा जारी होने का संदेश तो भेज दिया गया था लेकिन वास्तविक धनराशि खाते में नहीं आई।
जिले के 21 गांवों में बेमौसम बारिश और जलभराव के कारण लगभग 1200 किसानों ने ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल पर मुआवजे के लिए आवेदन किया था। खरीफ सीजन में हुई अत्यधिक बारिश और जलभराव के कारण जिले के किसानों की फसलें तबाह हो गई थीं। क्षेत्र से लगभग 1200 किसानों ने ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल पर मुआवजे के लिए आवेदन किया था।
राजस्व विभाग ने गिरदावरी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद किसानों को उम्मीद थी कि इस बार प्रक्रिया पारदर्शी और तेज होगी। प्रदेश सरकार ने घोषणा की थी कि सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होते ही मुआवजा राशि सीधे किसानों के माध्यम से खातों में भेज दी जाएगी। संदेश मिलने के 72 घंटों के भीतर राशि खाते में क्रेडिट होनी चाहिए थी।