फतेहाबाद। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बड़ोपल में पर्यावरण बचाने का संदेश देने विद्यार्थी। स
फतेहाबाद। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बड़ोपल में एक पेड़ मां के नाम अभियान के अंतर्गत आयोजित सात दिवसीय ग्रीन समर कैंप का समापन पर्यावरण संरक्षण के संदेश के साथ हुआ। समापन अवसर पर शिक्षाविद् मदन गोपाल आर्य ने उपस्थित विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि एकल उपयोग प्लास्टिक का उपयोग पर्यावरण, वन्यजीवों और मानव स्वास्थ्य के लिए अत्यंत खतरनाक है।
उन्होंने कहा कि प्लास्टिक कचरा मिट्टी को बंजर बनाता है, जल स्रोतों को प्रदूषित करता है तथा माइक्रो प्लास्टिक के रूप में खाद्य शृंखला में शामिल होकर गंभीर बीमारियों का कारण बनता है। उन्होंने आह्वान किया कि सभी नागरिक दैनिक जीवन में एकल उपयोग प्लास्टिक का उपयोग बंद कर पर्यावरण संरक्षण में अपना योगदान दें तथा उपयोग करो और फेंकों की आदत को छोड़कर जिम्मेदार नागरिक बनने का संकल्प लें।
ईको क्लब की प्रभारी एवं अंग्रेजी प्रवक्ता पूनम रानी ने एकल उपयोग प्लास्टिक के अंतर्गत आने वाले उत्पादों जैसे प्लास्टिक की थैलियां, बैग, प्लेटें, चम्मच, स्ट्रॉ, पानी की बोतलें तथा थर्मोकोल से बने खाद्य कंटेनरों के दुष्प्रभावों की जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को खरीदारी के लिए जूट या कपड़े के थैले साथ रखने, घर से पानी और भोजन ले जाने, प्लास्टिक की बोतलों के स्थान पर स्टील, तांबे या कांच की बोतलों का उपयोग करने तथा डिस्पोजेबल प्लास्टिक के बजाय पत्तों की प्लेटें एवं बांस से बने चम्मच अपनाने की सलाह दी।
प्राचार्य अनीता रानी ने भी विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक रहने और इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप देने का आह्वान किया। कैंप के नोडल अधिकारी विद्यासागर ने सात दिवसीय ग्रीन समर कैंप की विस्तृत गतिविधियों की रिपोर्ट प्रस्तुत की। इस मौके पर सीमा बंसल, सीमा भ्याणा, रेणू रानी, सुनीता सहारण, सुनीता जांगू, शिखा आनंद आदि मौजूद रहे।