जाखल मंडी नगर पालिका में हुई बजट बैठक में बागी हुए 9 पार्षदों ने बजट पारित करने से साफ इंकार कर दिया। उन्होंने इस पर असहमति प्रकट करते हुए कहा कि पिछले बजट के अंतर्गत किए गए कार्यों में भारी गोलमाल किया गया है। मंडी के मॉडल टाऊन पार्क व गलियों के निर्माण सहित स्ट्रीट लाइटों व अन्य कार्यों में लाखों रुपये का भ्रष्टाचार हुआ है। जब तक इन कार्यों की जांच नहीं होती व इन पर खर्च हुई राशि का सही जानकारी नहीं दी जाती तब तक अगला बजट पारित नहीं करेंगे।
बैठक में कमेटी के कुल 13 में से प्रधान सहित 12 पार्षदों ने भाग लिया। जिसकी अध्यक्षता प्रधान सीमा गोयल ने की। नपा के नव नियुक्त सचिव राजेंद्र प्रसाद सोनी ने बैठक प्रक्रिया करते हुए सभी पार्षदों को जहां पिछले वर्ष 2019- 20 में नगर पालिका की आय एवं व्यय के बारे में लेखा-जोखा रखा वहीं आगामी वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए पारित किए जाने वाले बजट का भी ब्यौरा दिया। लेकिन बैठक में 9 पार्षदों ने सिरे से उक्त बजट को पारित करने से इंकार करते हुए अपनी असहमति जताई। जबकि प्रधान सहित दो पार्षदों ने ही अपनी सहमति प्रकट की।
बैठक में असहमति प्रकट करने वाले 9 पार्षदों में शामिल वार्ड 2 से वीरा रानी, 3 से मोनिका गोयल, 4 से कीर्ति गोयल, 5 से सीमा रानी, 6 से गोविंदराम, 8 से विक्रमजीत सिंह, 9 से विक्रम सैनी, 10 विकास कामरा व 12 से नीटी बंसल ने साफ तौर पर उक्त बजट पर अपनी असहमति जताई। हालांकि बैठक में नगरपालिका सचिव राजेंद्र प्रसाद ने सभी पार्षदों को यह बजट बैठक करार देते हुए अन्य मुद्दों के लिए अलग से बैठक करने की भी बात कही, लेकिन बागी पार्षद अपनी बात पर अड़े रहे व साफ तौर पर इसे पारित करने से मना कर दिया।
उच्चाधिकारियों के आदेश पर होगी आगामी कार्रवाई
नगर पालिका सचिव राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि पार्षदों को इसके संबंध में तमाम जानकारियां दी गई हैं। लेकिन इसके बावजूद उन्होंने इसे पारित करने से मना कर दिया है। अब यह रिपोर्ट जिला प्रशासन के समक्ष प्रस्तुत कर दी जाएगी आगे की प्रक्रिया उच्चाधिकारियों के आदेशानुसार अमल में लाई जाएगी।