फतेहाबाद। गांव चंद्रावल की 13 वर्षीय खिलाड़ी कुसुम कबड्डी के क्षेत्र में तेजी से पहचान बना रही हैं। पिता प्रहलाद जाखड़ से प्रेरित होकर कबड्डी खेल से जुड़ी कुसुम ने कम समय में ही उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं। पिता गांव के बच्चों को कबड्डी का प्रशिक्षण देते हैं जिसे देखकर उसके मन में भी इस खेल के प्रति रुचि विकसित हुई।
कुसुम राजकीय उच्च विद्यालय, चंद्रावल की छात्रा हैं और पिछले लगभग तीन वर्षों से नियमित अभ्यास कर रही हैं। उनकी मेहनत और लगन का परिणाम है कि वह अंडर-14 वर्ग में खंड और जिला स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त कर राज्य स्तरीय प्रतियोगिता तक पहुंच चुकी हैं। विद्यालय और खेल प्रतियोगिताओं में उनके प्रदर्शन ने शिक्षकों और ग्रामीणों का ध्यान आकर्षित किया है।
निरंतर अभ्यास और अनुशासन के बल पर कुसुम ने अपनी खेल प्रतिभा को लगातार निखारा है। कुसुम का कहना है कि उसका सपना कबड्डी खेल में उच्च स्तर तक पहुंचना है। वह भविष्य में खेल जगत में बेहतर प्रदर्शन कर अपने परिवार, गांव और विद्यालय का नाम रोशन करना चाहती हैं। इसके लिए वह पूरी मेहनत और समर्पण के साथ तैयारी में जुटी हुई हैं।
10 साल की उम्र से ही कर रही तैयारी
कुसुम गांव के एकता कबड्डी क्लब चंद्रावल की खिलाड़ी हैं और पिछले करीब तीन वर्षों से नियमित प्रशिक्षण ले रही हैं। उनके पिता प्रहलाद जाखड़ ही उनके कोच हैं। इनके मार्गदर्शन में वह रोजाना अभ्यास कर अपनी फिटनेस और खेल कौशल को बेहतर बनाने का प्रयास करती हैं। पिता प्रहलाद जाखड़ के मार्गदर्शन और परिवार के सहयोग से वह लगातार आगे बढ़ रही हैं।