फतेहाबाद के वार्ड-19 में समिति की बैठक में मौजूद कर्मचारी।
फतेहाबाद। नगर परिषद की वार्ड समितियों की बैठकें जनता की समस्याएं सुनने और सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों का सत्यापन करने के बजाय औपचारिकता बनकर रह गईं। बुधवार को वार्ड-16 से 27 तक बैठकों का आयोजन किया गया। कहीं पार्षद नहीं पहुंचे तो कहीं लाभार्थियों की मौजूदगी ही नहीं रही।
वार्ड-16 में बैठक नहीं हुई जबकि वार्ड नंबर 17 में बैठक महज खानापूर्ति बनकर सिमट गई। वार्ड-19 और 20 में कर्मचारी सूचियां लेकर इंतजार करते रहे। नगर परिषद उपप्रधान एवं भाजपा नेत्री सविता टुटेजा ने भी अधिकारियों की गैरमौजूदगी का हवाला देकर बैठक करने से इन्कार कर दिया। इससे पहले वार्ड-1 से 15 तक हुई बैठकों पर भी सवाल उठे थे।
नगर परिषद की ओर से प्रत्येक वार्ड के कर्मचारियों को 350 से 400 लाभार्थियों की सूची सौंपी गई थी। इन बैठकों में बुढ़ापा पेंशन, राशन कार्ड समेत सरकारी योजनाओं का लाभ ले रहे लोगों का सत्यापन होना था। इसके साथ विकास कार्यों पर भी चर्चा की जानी थी।
वार्ड-19 और 20 की बैठक पार्षद निर्मल सिवाच के घर पर रखी गई थी। सुबह साढ़े 11 बजे वहां नगर परिषद के दो कर्मचारी और पार्षद निर्मल सिवाच मौजूद थे। कर्मचारियों के पास लाभार्थियों की सूची थी लेकिन लाभार्थियों में से कोई नहीं पहुंचा। वार्ड-20 के पार्षद रविंद्र कुमार भी देरी से पहुंचे। वार्ड समिति के सदस्य भी मौजूद नहीं थे। ऐसे में सत्यापन की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी।