मृतक सतविंदर उर्फ अनूप के पिता सिकंदर ने बताया कि उनका कई दिन पहले पड़ोस के किसी व्यक्ति से झगड़ा हो गया था। इसके बाद उनके घर में घुसकर कई लोगों द्वारा मारपीट की गई। इस मामले में पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई करते हुए उसके बेटे सतविंदर प्रकाश उर्फ अनूप पर केस दर्ज कर लिया और उसे गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था।
फतेहाबाद के टोहाना के रामनगर इलाके में 37 वर्षीय किराना दुकानदार ने जहरीले पदार्थ का सेवन कर आत्महत्या कर ली। दुकानदार ने आत्महत्या करने से पहले सुसाइड नोट भी लिखा है, जिसमें एक पुलिसकर्मी सहित छह लोगों को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया है। शहर थाना पुलिस ने मृतक सतविंदर उर्फ अनूप के पिता की शिकायत पर सुसाइड नोट में लिखे गए नामों के आधार पर आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।
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पुलिस को दी शिकायत में मृतक सतविंदर उर्फ अनूप के पिता सिकंदर ने बताया कि उनका कई दिन पहले पड़ोस के किसी व्यक्ति से झगड़ा हो गया था। इसके बाद उनके घर में घुसकर कई लोगों द्वारा मारपीट की गई। इस झगड़े में सामने वाली पार्टी के एक व्यक्ति के हाथ पर चोट लगी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई करते हुए उसके बेटे सतविंदर प्रकाश उर्फ अनूप पर केस दर्ज कर लिया और उसे गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था।
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इसी से आहत होकर उनके बेटे अनूप ने आत्महत्या कर ली है। केस इंचार्ज भूपेंद्र सिंह पर भी उन्होंने आरोप लगाया कि भूपेंद्र सिंह उनकी कोई सुनवाई नहीं कर रहा था और एकतरफा ही बात कर रहा था। इसके चलते उसका बेटा लगातार परेशान था और उसने आत्महत्या का कदम उठा लिया। सुसाइड नोट में सतविंदर उर्फ अनूप ने अमित कुमार मीता, डॉ.प्रकाश, दर्शन सिंह, नराताराम, संजीव कुमार, जांच अधिकारी भूपेंद्र सिंह पर झूठा केस दर्ज करवाने का आरोप लगाया गया है।
जांच अधिकारी के अनुसार
इस मामले में टोहाना के डीएसपी शमशेर सिंह ने बताया कि सुसाइड नोट के आधार पर पुलिसकर्मी भूपेंद्र सिंह सहित छह लोगों के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में केस दर्ज कर लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।