सिरसा रोड पर शनिवार सुबह बैलों से भरे ट्रक को रोकने पर गो तस्कराें ने गो सेवकों पर हमला कर दिया, जिससे एक गो सेवक घायल हो गया। वहीं, हमले से गुस्साए गो सेवकों ने एक तस्कर को काबू कर लिया, लेकिन गाड़ी के चालक और परिचालक मौके से फरार हो गए।
गो तस्करी और हमले से गुस्साए गो सेवकों ने लालबत्ती चौक पर जाम लगा दिया। गो सेवक प्रदर्शन करते हुए नंदी शाला में पहुंचे। इसके बाद उपायुक्त निवास के बाहर धरने पर बैठ गए। मौके पर पहुंचे डीएसपी, एसडीएम ने तुरंत कार्रवाई का आश्वासन देकर गो सेवकों को शांत कराया। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कार्रवाई शुरू कर दी हे।
शनिवार सुबह हिंद पुत्र गो रक्षा दल को सूचना मिली कि पंजाब से बैलों से भरा बंद ट्रक आ रहा है। सूचना पर सिरसा रोड पर डेरा कैंटीन से आगे नहर के पास गो सेवकों ने नाका लगा दिया। जब उन्हें ट्रक आते हुए दिखा तो उन्होंने उसे रोक लिया।
हिंद पुत्र रक्षा दल के प्रधान मनोज ढाका ने बताया कि ट्रक के आगे एक ओपल कार चल रही थी, जिसमें चार युवक सवार थे। जब उन्होंने कंटेनर को रुका देखा तो वे लौटकर पीछे आए और उन्होंने एक गो सेवक को कार में बैठा लिया। खुद को एसएचओ बताते हुए गो सेवक के साथ मारपीट शुरू कर दी और बाद में उसे सड़क पर फेंक कर चले गए।
इससे आक्रोशित गो सेवकों ने ट्रक में सवार तीन युवकों में से एक युवक को काबू कर लिया। लेकिन बाकी लोग भागने में कामयाब रहे। थोड़ी देर में वहां पहुंची डिंग थाने की पीसीआर ने पकड़े गए एक युवक को अपनी गिरफ्त में ले लिया और उसे शहर थाने ले गई।
गो सेवकों ने पुलिस पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए लालबत्ती पर जाम लगा दिया और जमकर नारेबाजी करनी शुरू कर दी। इसके बाद गो सेवक बैलों से भरे कंटेनर को हिसार रोड स्थित नंदीशाला में ले गए, जहां 25 बैलों को छुड़वाया, जिसके बाद गौ सेवक हंगामा करते हुए लघुसचिवालय पहुंचे और उपायुक्त निवास के बाहर धरने पर बैठ गए।
इस दौरान प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। सूचना मिलने पर डीएसपी विजय जाखड़, एसडीएम सतबीर जांगू, एसएचओ गौरव शर्मा मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने गो सेवकों को गो तस्करों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया, जिसके बाद सभी शांत हुए। इस दौरान गो सेवकों ने अपना मांग पत्र एडीसी यश गर्ग को सौंपा।
नंदीशाला में बैलों को नहीं मिल रहा चारा
गौरक्षा दल के सदस्यों मनोज ढाका, राहुल, अमित, विजय, गुरदीप, कृष्ण पुनिया, छिन्द्रपाल, गोपाल ठाकुर, बजरंग लाल व संदीप ने एसडीएम सतबीर जांगू से कहा कि नंदीशाला के लिए जो कमेटी बना रखी है, वह काम नहीं कर रही है। नंदीशाला में मौजूद पशुओं को पिछले तीन दिन से चारा नहीं मिला है, जिसका नतीजा यह है कि यह हिंसक हो रहे हैं। उनकी मांग है कि इसके लिए नई कमेटी बनाई जाए।
डिंग पुलिस ने दिखाई लापरवाही
गो तस्करों के बारे में डिंग पुलिस को पता भी था और उसकी पीसीआर भी कंटेनर के पीछे लगी हुई थी। लेकिन डिंग पुलिस ने फतेहाबाद पुलिस को इस बारे में सूचना देना भी उचित नहीं समझा, जिसका नतीजा यह हुआ कि गो तस्कर भागने में कामयाब हो गए।
गो सेवकों ने भी नहीं दी पुलिस को सूचना:
गौ सेवकों ने भी शहर पुलिस को इस संदर्भ में कोई सूचना नहीं दी कि बैलों से भरा कंटेनर आ रहा है और उसे रोकने के लिए उन्हें पुलिस फोर्स चाहिए। डीएसपी विजय जाखड़ ने कहा कि गो रक्षक इस तरह अकेले किसी भी ट्रक को न रोकें, यदि उनके पास सूचना है तो इसके बारे में पुलिस को जरूर सूचना दें।