फतेहाबाद। राशन कार्डों में पारदर्शिता लाने के लिए सरकार द्वारा राशन कार्ड धारकों की ई-केवाइसी अब राशन डिपो धारकों के लिए परेशानी का सबब बन गई है। साथ ही राशन कार्ड धारक भी इसके लिए परेशान दिखाई दे रहे हैं। सरकार ने यह आदेश इसलिए जारी किए हैं, क्योंकि कई लोगों के राशन लेते समय राशन डिपो पर मौजूद ईपीओएस मशीन पर अंगूठे के निशान वेरिफाई नहीं हो रहे हैं। वहीं कई लोगों के राशन कार्ड गलत भी बने हैं।
सरकार की ओर से हाल ही में राशन डिपो धारकों को राशन लेने वाले कार्ड धारकों की ई-केवाइसी करने के आदेश दिए गए हैं। ईपीओएस मशीन के जरिए ही राशन कार्ड धारकों की ई-केवाईसी की जा रही है। जिसको लेकर जहां राशन कार्ड धारक परेशान हैं, वहीं राशन डिपो धारकों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। राशन डिपो धारक इसके लिए सरकार के सामने अपना विरोध भी जता चुके हैं। इस नई जानकारी को लेकर उपभोक्ता भी अधिक परेशान हैं, क्योंकि सरकार ने हाल ही में यह आदेश भी जारी किए हैं, कि जिन लोगों के आधार कार्ड 10 साल पुराने हो गए हैं, वह अपना आधार कार्ड अपडेट करवाएं।
जिसको लेकर अब सीएससी सेंटरों पर भी आधार कार्ड अपडेट करवाने के लिए भीड़ लगी हुई है। दरअसल जिन लोगों के राशन कार्ड बने हैं, उनमें कई लोगों का देहांत भी हो चुका है, लेकिन किसी एक परिवार के सदस्य का अंगूठा लगने के कारण पूरे परिवार का राशन मिल जाता है। वहीं कई लोगों के अंगूठे भी ईपीओएस मशीन पर वेरिफाई नहीं हो पा रहे हैं।
राशन डिपो संचालक परेशान
सरकार द्वारा राशन डिपो संचालकों से ई-केवाईसी का कार्य करवाने के चलते राशन डिपोधारक अधिक परेशान चल रहे हैं और इसका विरोध भी कर रहे हैं। उनका कहना है कि वह राशन वितरित करें अथवा ई-केवाइसी करें। ईपीओएस मशीन में तो कई बार सर्वर डाउन रहता है और एक परिवार के एक सदस्य की ई-केवाइसी करने में 15 से 20 मिनट का समय लग जाता है। जिससे समय की बर्बादी हो रही है। सरकार को चाहिए कि यह कार्य सीएससी सेंटरों को सौंपा जाए अन्यथा राशन कार्ड डिपो धारकों को इसका कमीशन दे।
एक दिसंबर को जताएंगे विरोध
ईपीओस मशीन में आधार वेरिफिकेशन की सुविधा दी गई है, लेकिन नेटवर्क और सर्वर की समस्या है। राशन वितरण के कार्य की अधिकता के चलते यह कार्य संभव नहीं है। सरकार ने इस वेरिफिकेशन के कार्य के लिए किसी प्रकार का मेहनताना और फीस भी लागू नहीं किया है। यह राशन डिपो धारकों का शोषण और अत्याचार है, जबकि सीएससी संचालकों के लिए प्रत्येक कार्य की अलग अलग फीस और शुल्क रखा गया है। मामले में एक दिसंबर को राशन डिपो धारक विरोध भी करेंगे।
शीशपाल गोदारा, प्रदेशाध्यक्ष, ऑल फेयर प्राइस शॉप डीलर्स फेडरेशन, हरियाणा
-
विभाग के आदेशानुसार जिले में सभी राशन कार्डधारकों के ईपीओएस मशीन के माध्यम से सभी डिपो पर अंगूठा निशान सत्यापित करने का काम निशुल्क किया जा रहा है। कार्डधारकों से अपील है कि वे अपने नजदीकी राशन डिपो पर जाकर राशन कार्ड में दर्ज सभी सदस्यों का अंगूठा लगवाएं ताकि लाभार्थियों की जांच पूर्ण हो सके।
-विनीत जैन, डीएफएससी, फतेहाबाद