फतेहाबाद। शहरों की तर्ज पर अब जिले के 13 बड़े गांवों में घर-घर से कचरा उठाने की व्यवस्था शुरू होगी। जिला परिषद 7500 से अधिक जनसंख्या वाले गांवों में डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण सुविधा उपलब्ध कराएगा। इसके तहत कचरा लेने के लिए प्रतिदिन घरों तक वाहन पहुंचेगा।
सरकार और सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद महाग्राम पंचायतों में ठोस कचरा प्रबंधन व्यवस्था लागू करने की योजना तैयार की गई है। चयनित ग्राम पंचायतों में यह सुविधा प्राथमिकता के आधार पर शुरू की जाएगी। योजना के अनुसार 7500 या उससे अधिक अनुमानित आबादी वाले महागांवों में किराये के आधार पर ट्रैक्टर-ट्रॉली की व्यवस्था की जाएगी। इसके साथ एक चालक और एक कचरा संग्रहकर्ता तैनात किया जाएगा ताकि घरों से कचरा एकत्र करने की प्रक्रिया नियमित रूप से चल सके।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में ठोस कचरे का घर-घर से संग्रहण, परिवहन, पृथक्करण तथा वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण सुनिश्चित करना है। इसके लिए जिले के सभी खंड विकास एवं पंचायत अधिकारियों तथा ग्राम पंचायतों के सरपंचों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
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इन गांवों में होगा उठान
चयनित 13 गांवों में भट्टू कलां, भट्टू मंडी, किरढान, गोरखपुर, नहला, बड़ोपल, भिरड़ाना, भोडिया खेड़ा, धांगड़, मताना, नागपुर, जमालपुर शेखां, समैन शामिल हैं। कचरा प्रबंधन नियमों के तहत अनुबंध के आधार पर वाहन एवं जनशक्ति का उपयोग किया जाएगा। अधिकारियों और सरपंचों को निर्देश दिए गए हैं कि ट्रैक्टर-ट्रॉली तथा अन्य आवश्यक संसाधनों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करें, ताकि ग्रामीणों को बेहतर स्वच्छता सेवाएं मिल सकें।
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स्वच्छता अभियान को प्रभावी बनाने में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। यदि किसी स्तर पर निर्देशों की अवहेलना या लापरवाही पाई जाती है तो संबंधित अधिकारी अथवा जिम्मेदार व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। ग्रामवासियों से भी स्वच्छता अभियान में सक्रिय सहयोग देने तथा अपने आसपास का वातावरण स्वच्छ रखने की अपील है।
- सुरेश कुमार, सीईओ, जिला परिषद