नगरपालिका के अधिकारियों के पालिका बाजार में किराए की वसूली को लेकर अनेक दुकानों के ताले लगाए जाने के बाद शुक्रवार को दुकानदारों का शिष्टमंडल मामले को लेकर नगरपालिका के अधिकारियों और पार्षदों से मिला। इस मामले में दुकानदारों ने नगरपालिका अधिकारियों पर जबरन वसूली करने और ताला लगाने के आरोप लगाते हुए कहा कि एक तरफ तो किराए के मामले को लेकर नगरपालिका ने उनके खिलाफ अदालत में याचिका दायर की है, वहीं दूसरी तरफ अदालत में मामला विचाराधीन होने के बावजूद भी उन्हें प्रताड़ित कर उनकी दुकानों को ताले लगाए जा रहे हैं।
दुकानदारों में शामिल रिपन कुमार, सुरेंद्र कुमार, सुखविंद्र सिंह, अनिल कुमार, भूषण कुमार, शिव कुमार व अन्य दुकानदारों ने बताया कि सभी दुकानदार नगरपालिका की दुकानों का किराया भरने के लिए बिल्कुल तैयार हैं।
लेकिन इसके लिए नगरपालिका को न केवल ब्याज में छूट करनी पड़ेगी, बल्कि किश्तों में ही अदायगी करनी पड़ेगी। अनेक दुकानदारों ने ये भी बताया कि वह निरंतर कार्यालय में अपनी दुकानों का किराया भरने के लिए भी आते रहें हैं, लेकिन अधिकारियों ने पूरा किराया भरने की चेतावनी देते हुए उचित रूप से उनसे किराया नहीं भरवाया है, बल्कि उनके खिलाफ अदालत में ही याचिका दायर कर दी है।
अधिकारियों से मिलने के पश्चात शिष्टमंडल पार्षद विनोद जग्गा, राजा नंबरदार, हरविन्द्र सोनी व बजरंग गर्ग से मिला और उनसे भी किराए की वसूली को लेकर सरलीकरण करने का आह्वान किया। इस दौरान पार्षदों ने आश्वस्त किया कि वह हस्तक्षेप कर न केवल मामले को सुलझाएंगे, बल्कि जिन दुकानों पर ताले आदि लगाए गए हैं उन्हें खुलवाने का प्रयास करेंगे।