नोटबंदी की किल्लत पर अब लोगों के सब्र का बांध अब टूटने लगा है। रोष स्वरूप लोग अब सड़कों पर भी उतरने लगे हैं । मंगलवार को गांव हडोली में कैश नहीं मिलने से गुस्साए आधा दर्जन गांवों के उपभोक्ताओं ने बैंक की बिल्डिंग के आगे रतिया सरदूलगढ़ मार्ग पर स्टेट हाईवे पर जाम लगाने का प्रयास किया और बैंक अधिकारियों और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों द्वारा बैंक के आगे जाम लगाने का प्रयास करते ही बैंक में तैनात पुलिस कर्मचारी ने ग्रामीणों को समझा बुझाकर कर ग्रामीणों को शांत किया वही ग्रामीण कैश नहीं आने के कारण देर शाम तक बैंक में डटे रहे।
गांव हडोली में बैंक से पैसे निकलवाने के लिए लोग रोजाना लंबी लाइनों में लग रहे हैं। बताया गया है कि कुछ ग्रामीण लगातार कई दिन से अपना कैश निकलवाने के लिए बैंक में आ रहे है और मंगलवार सुबह भी लाईन लगाकर बैंक से पैसा निकालने के लिए बाहर खड़े हुए थे लेकिन जब कई घंटे बीतने के बाद भी बैंक ने उपभोक्ताओं को रुपये बांटने शुरू नहीं किए जिससे उपभोक्ता हंगामा करने लगे। जब उन्होंने बैंक के कर्मचारियों से पूछा तो कर्मचारियों ने बताया कि बैंक में अभी पीछे से कैश नही आया है और कैश लाने के लिए कर्मचारियों को स्पेशल भेजा भी हुआ है और जैसे ही कैश आएगा बांट दिया जाएगा।
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कैश खत्म होने की बात सुनते ही दर्जनो उपभोक्ताओं में रोष फैल गया व उन्होंने रोष स्वरूप रतिया सरदूलगढ़ मार्ग पर रोड़ जाम का प्रयास भी किया लेकिन बैंक में उपस्थित पुलिस कर्मचारी ने स्थिति को संभाला और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर शांत कराया और बैंक मैनेजर से मुलाकात भी कराई जिसके बाद ग्रामीण शांत भी हुए।
क्या कहते है बैंक मैनेजर
इस बारे में जब बैंक मैनेजर रामकुमार से बात की गई तो उन्होने बताया कि बैंक में शनिवार को जो कैश आया था उसे उपभोक्ताओं में बांट दिया गया था और आज दोपहर तक बैंक में पीछे से कैश नहीं आया जिस कारण कैश लाने के लिए स्पेशल कर्मचारियों को भी भेज दिया गया है और कैश आते ही उसे वितरित कर दिया जाएगा