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Fatehabad News: तीन घंटे तक लघु सचिवालय का मुख्य गेट रोककर बैठे रहे किसान

Tue, 07 Jan 2025 11:24 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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फतेहाबाद। जिलेभर से आए करीब 400 किसान मंगलवार को जिला मुख्यालय स्थित लघु सचिवालय के मुख्य गेट को रोक कर तीन घंटे तक बैठे रहे। इससे मुख्य गेट से आवाजाही पूरी तरह बंद रही।
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पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति के आह्वान पर प्रदर्शन में शामिल होने आए किसानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। मुख्य गेट बंद होने के कारण पुलिसकर्मियों ने न्यायिक परिसर की तरफ बने गेट से वाहनों का आवागमन करवाया।

प्रदर्शन के बाद किसानों ने एडीसी राहुल मोदी को मुख्यमंत्री नायब सैनी के नाम ज्ञापन सौंपा। इस प्रदर्शन की अध्यक्षता जिला प्रधान ओमप्रकाश हसंगा ने की जबकि संचालन सचिव महेंद्र बैनीवाल ने किया। प्रदर्शन में मुख्य वक्ता संघर्ष समिति के प्रदेशाध्यक्ष मनदीप नथवान रहे। मनदीप नथवान ने कहा कि भाजपा सरकार किसानों और मजदूरों की मांगों को लेकर बिल्कुल भी गंभीर नहीं है।
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नथवान ने कहा कि चुनावों में जनता से लोक-लुभावने वादे किए गए, लेकिन सरकार बनने के बाद उनको पूरा करने से सरकार पीछे हट रही है। 16-16 दिन नहरें बंद रहने से जहां किसानों के लिए फसलों की सिंचाई मुश्किल हो गई है, वहीं शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल संकट भी गहरा गया है। भाजपा ने चुनावों में महिलाओं को 2100 रुपये व 500 रुपये में गैस सिलिंडर देने का वादा किया था, लेकिन सरकार बनते ही मुख्यमंत्री व सरकार के अन्य लोग उस पर एक शब्द तक नहीं बोल रहे हैं। ऐसे में लोग खुद को ठगा-सा महसूस कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि बातचीत के जरिये किसानों के मुद्दों को सुलझाने के बजाय उन पर लाठियां बरसाई जा रही है। आंसू गैस के गोले व गोलियां चलाई जा रही हैं। इस मौके पर संदीप सिवाच, हिसार जिला प्रधान सतीश बैनीवाल, भूना ब्लाॅक प्रधान कमल बराड़, टोहाना ब्लॉक प्रधान मनजीत पूर्ण माजरा, उपप्रधान रविंद्र हिजरावां, फतेहाबाद ब्लाक प्रधान सुरेश गढ़वाल, रतिया ब्लाक प्रधान गुरप्यार बाड़ा सहित काफी किसान मौजूद रहे।



सुबह 11 बजे पहुंच गए गेट पर, दोपहर 2 बजे बाद उठे

किसान लघु सचिवालय के बाहर सुबह 11 बजे पहुंच गए थे। आते ही लघु सचिवालय के मुख्य गेट पर धरना लगाकर बैठ गए। इससे आवाजाही रुक गई। जिसके बाद करीब तीन घंटे तक किसानों ने धरना दिए रखा। जिस कारण लघु सचिवालय में अपने काम के लिए आने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। वाहन चालकों को कोर्ट कॉम्प्लेक्स वाले गेट से होकर जाना पड़ा। कोर्ट कॉम्प्लेक्स वाला गेट छोटा होने के कारण जाम जैसी स्थिति बनी रही।



पुलिस रही तैनात

किसानों के द्वारा किए जा रहे प्रदर्शन के दौरान काफी संख्या में पुलिस कर्मी तैनात रहे। शहर थाना प्रभारी ओमप्रकाश व हुडा चौकी प्रभारी सहित 100 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात रहे। 20 से अधिक पुलिसकर्मी यातायात व्यवस्था को संभालने में जुटे रहे।
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ये मांगे मुख्यमंत्री के नाम भेजी

1. जिला में किसानों को दो सप्ताह नहरी पानी दिया जाए।

2. यूरिया व डीएपी की किल्लत को दूर किया जाए व इनके साथ अन्य दवा न दी जाए।

3. बिजली अधिनियम 2020 को रद्द किया जाए व स्मार्ट मीटर ना लगाए जाए।

4. नवीन कृषि मसोदा जो सरकार लाने जा रही है वह भी रद्द किया जाए।

5. कृषि आंदोलन के दौरान किसानों पर दर्ज मुकदमे रद्द किये जाए।

6. सभी फसलों पर एमएसपी गारंटी कानून लागू किया जाए।

7. किसानों व मजदूरों को कर्ज मुक्त किया जाए।

8. सरकार चुनावी वादों के अनुसार महिलाओं को 2100 रुपये व 500 रुपये में सिलेंडर दें।

9. जिले में 26, 27 दिसंबर 2024 को हुई ओलावृष्टि का मुआवजा जल्द से जल्द दिया जाए व 2024 में आए सूखे का मुआवजा जल्द दिया जाए।

10. खनौरी व संधू बाॅर्डर खोले जाए।

11. खेती के औजार व नए ट्रैक्टर व इसके उपकरणों को टैक्स मुक्त किया जाए।

12. किसान को खेती के लिए डीजल टैक्स रहित दिया जाए।

13. नहरों खालों पर 20 साल की शर्त हटाई जाए व उसे पाइप लाइन किया जाए।

14. जो ट्यूबवेल कनेक्शन लंबित हैं, उन्हें जल्द से जल्द दिया जाए।

15. सभी पुलिस थानों में भ्रष्टाचार खत्म किया जाए।

16. मनरेगा को खेती से जोड़ा जाए व मनरेगा मजदूरों के काम करने के दिन बढ़ाए जाए।



उपायुक्त के नाम ज्ञापन में ये मांगें उठाई

1. सभी दफ्तरों में भ्रष्टाचार व रिश्वत को खत्म किया जाए।

2. सभी प्रकार के नशे पर रोक लगाई जाए।

3. किन्नरों की मनमानी पर रोक लगाई जाए।

4. भवन निर्माण मजदूरों की सुविधाएं ऑनलाइन व ऑफ लाइन दोनों किए जाए।

5. गेहूं की बिजाई सुपरसीडर से होती है, उस पर किसान की फोटो व लोकेशन हटाई जाए।

6. मुंशीवाली के पास से भूना रोड को दुरुस्त किया जाए।

7. इसके अलावा जो सड़कें टूटी पड़ी हैं, उन्हें दुरुस्त किया जाए।
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