फतेहाबाद। उमस भरी गर्मी के बीच जिले में बिजली की मांग लगातार बढ़ रही है। घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में एसी, कूलर और पंखों का अधिक इस्तेमाल होने से प्रतिदिन बिजली की खपत 1.30 करोड़ यूनिट से ऊपर पहुंच गई है। बढ़ते लोड का असर अब बिजली आपूर्ति पर दिखने लगा है और कई क्षेत्रों में अघोषित कटौती शुरू हो गई है।
सबसे अधिक परेशानी स्थानीय औद्योगिक क्षेत्र में सामने आ रही है। मांग और आपूर्ति के बीच अंतर बढ़ने से औद्योगिक फीडरों पर बार-बार बिजली बाधित हो रही है। इससे उद्योगों का उत्पादन प्रभावित हो रहा है और कामकाज सुचारु रूप से नहीं चल पा रहा। उद्योगपति सोनू, विकास, नरेश और राहुल ने बताया कि दिनभर में 30-30 मिनट के लगभग 10 से 12 अघोषित बिजली कट लग रहे हैं।
बिना किसी पूर्व सूचना के लगातार ट्रिपिंग होने से मशीनों का संचालन बाधित हो रहा है और उत्पादन प्रभावित हो रहा है। इससे आर्थिक नुकसान भी बढ़ रहा है। उद्योगपतियों ने बिजली निगम से अघोषित कटौती तत्काल बंद करने और औद्योगिक क्षेत्र में निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की है ताकि उत्पादन सामान्य रूप से चलता रहे और उद्योगों को अतिरिक्त आर्थिक नुकसान का सामना न करना पड़े।
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जेनरेटर से बढ़ रही लागत
जिले में इस समय करीब 700 लघु एवं सूक्ष्म उद्योग संचालित हैं। अघोषित बिजली कटों के कारण इन उद्योगों का काम प्रभावित हो रहा है। उद्योगपतियों को काम को सुचारू रखने के लिए महंगे डीजल जेनरेटरों का सहारा लेना पड़ रहा है। इस कारण से उनके उत्पादन की लागत काफी बढ़ रही है।
:: उमस भरी गर्मी व धान की रोपाई का सीजन जारी होने से बिजली की खपत बढ़ गई है जिससे कट लग रहे हैं। बारिश होने के बाद बिजली की आपूर्ति में कमी आएगी। जिसके बाद निर्बाध बिजली आपूर्ति होगी।
- रविंद्र, सिटी एसडीओ, बिजली निगम, फतेहाबाद।
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:: मानसून टर्फ की उत्तरी सीमा से लेकर भटिंडा तक बनी हुई है। जिससे मानसूनी हवाओं तथा राजस्थान पर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बनने से प्रदेश में 10 जुलाई तक मौसम परिवर्तनशील रहने तथा ज्यादातर क्षेत्रों में गरज चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कुछ एक स्थानों पर तेज बारिश के भी आसार हैं।
- डॉ. मदन खिचड़ विभागाध्यक्ष मौसम विज्ञान विभाग, हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार।