फतेहाबाद। हरियाणा विद्यालय अध्यापक संघ ने छह महीने से लंबित मिड-डे मील की कुकिंग कास्ट जल्द जारी करने की मांग की है। संघ ने चेतावनी दी कि यदि बजट जारी नहीं हुआ तो अध्यापकों को मजबूरन मिड-डे मील का संचालन बंद करना पड़ेगा। इसकी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।
संघ की जिला कार्यकारिणी ने अध्यापकों की लंबित समस्याओं पर जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी और जिला शिक्षा अधिकारी के साथ बैठक की। बैठक की अध्यक्षता जिला प्रधान राजपाल मिताथल ने की जबकि संचालन जिला सचिव देसराज माचरा ने किया। इस दौरान जेबीटी की मुख्य शिक्षक के पद पर पदोन्नति का मुद्दा भी उठाया गया।
संघ पदाधिकारियों ने बताया कि इस बारे में अधिकारियों के साथ पहले भी कई दौर की बातचीत हो चुकी है लेकिन अभी तक समाधान नहीं हुआ है। अप्रैल से कुकिंग कास्ट का बजट लंबित है। इस संबंध में 13 अक्तूबर को जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन भी सौंपा गया था।
संघ ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत मिड-डे मील वर्करों का मानदेय ट्रेजरी के माध्यम से जारी होगा। कुकिंग कास्ट की राशि सीधे वेंडरों के खातों में भेजी जाएगी। पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि छह महीने से बजट जारी नहीं होने के कारण मिड-डे मील संचालन में परेशानी आ रही है।
बैठक में मेडिकल बजट, एलटीसी और एसीपी से जुड़े लंबित मामलों पर भी चर्चा हुई। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय ने इन मामलों को प्राथमिकता के आधार पर हल करने का आश्वासन दिया। अध्यापक संघ ने बिजली कर्मचारियों की तीन दिवसीय हड़ताल को समर्थन दिया।
जिला प्रधान राजपाल ने बिजली विभाग को बचाने के लिए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। इस अवसर पर राज्य ऑडिटर सुरजीत दुसाद, दलबीर नाथ, सतपाल ढाका, मुरारी लाल और राजेश गोठड़ा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।