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ओलावृष्टि और बारिश से जिले की 13 हजार एकड़ फसल हुई नष्ट, 2250 किसानों ने मांगा मुआवजा

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पिछले दिनों जिले में ओलावृष्टि-बारिश से ख़राब हुई फसल। (फाइल फोटो ) - फोटो : Fatehabad
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फतेहाबाद। पिछले दिनों जिले में आई बेमौसमी बारिश और ओलावृष्टि से जिले में 13 हजार एकड़ में सरसों और गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा है। इसके मुआवजे के लिए 2250 किसानों ने कृषि विभाग के पास शिकायतें दर्ज करवाई हैं। अब विभाग इन शिकायतों को पोर्टल पर लोड करके सर्वे शुरू करेगा ताकि किसानों को समय रहते बीमा कंपनी से मुआवजा दिलवाया जा सके। इनमें से सबसे ज्यादा प्रभावित गांव भूना व भट्टू ब्लॉक के शामिल हैं। कृषि उपनिदेशक डॉ. बलवंत सिंह सहारण ने इसकी पुष्टि की है।
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26 और 27 नवंबर को जिले में ओलावृष्टि और तेज बारिश से गेहूं और सरसों की फसल को नुकसान पहुंचा था। इसके लिए किसानों ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर मुआवजे की मांग की थी। जिन किसानों का बीमा कंपनी से बीमा नहीं था, उपायुक्त ने संबंधित बैंक को ऋणी किसानों के खाते से पैसे काटकर बीमा करने के निर्देश दिए थे। एक दिसंबर को बैंक ने सभी किसानों का बीमा कर दिया। कृषि विभाग के अनुसार ऋणी व गैर ऋणी किसानों के लिए रबी की फसल के लिए 15 दिसंबर की तारीख अंतिम तय की गई थी। 1 दिसंबर को तकरीबन 60 फीसदी किसानों का बीमा कर दिया गया था। इसके बाद गैर ऋणी किसानों ने स्वयं से फसल का बीमा करवाया। अब ये सर्वे विभाग को 12 दिन में पूरा करना होगा ताकि किसान दोबारा सरसों व गेहूं की बिजाई कर सकें। नुकसान का जायजा लेने के लिए कृषि विभाग के एडीओ, बीओ एवं कंपनी के अधिकारी सर्वे करके जांच पूरी करेंगे। जिन किसानों का बीमा नहीं हुआ, वो अभी भी सीएचसी सेंटर व बैंक से अपना बीमा करवा सकता है।
इन गांवों में सर्वाधिक नुकसान
बोदीवाली, सरवरपुर, कुकड़ावाली, भूना के गांव टिब्बी, डुल्ट, झलनियां, भट्टू, बुआन, टोहाना के कन्हड़ी, समैण, बलियाला, जाखल के गांव भीमेवाला, रतिया के गांव दीवाना, कमालवाला, जल्लोपुर व आसपास की ढाणियां शामिल हैं।
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इन खंडों से आई इतनी शिकायतें
टोहाना 250
भट्टू 250
रतिया 50
भूना 1300
फतेहाबाद 100
जाखल 250
64 हजार किसानों का हुआ बीमा
मालूम हो कि फतेहाबाद में बजाज एलियांस कंपनी से किसानों का बीमा किया जाता है। फसल की बिजाई के समय ही ऋणित किसानों का बैंक स्वयं ही प्रीमियम काट लेता है जबकि गैर ऋणित किसान स्वयं कंपनी से बीमा करवाते हैं। किसी भी प्राकृतिक आपदा के बाद कंपनी द्वारा बीमा राशि का क्लेम दिया जाता है। कंपनी के अधिकारी सुनील कुमार के अनुसार अब तक जिले में 64 हजार किसानों का बीमा हो चुका है। 26-27 नवंबर को अचानक आई बरसात से किसानों की हाल ही में बिजाई गई सरसों व गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। निर्धारित समयानुसार बारह दिन में नुकसान का आंकलन करके कंपनी द्वारा मुआवजा किसानों को वितरित कर दिया जाएगा।
वर्जन
बारिश और ओलावृष्टि से किसानों की फसल खराब हुई थी। इसके लिए 2250 किसानों ने आवेदन किया है। इन आवेदनों की जांच के बाद इसे बीमा कंपनी को सौंप दिया गया है। अब कंपनी व कृषि विभाग के कर्मचारी मुआवजे की जांच करके पात्र किसान को मुआवजा देंगे।
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- डॉ. बलवंत सहारण, कृषि उपनिदेशक, फतेहाबाद।
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