फतेहाबाद। भट्टू पंचायत समिति की चेयरपर्सन ज्योति लूणा की कुर्सी पर संकट आ गया है। उनके खिलाफ पेश अविश्वास प्रस्ताव पर 22 जनवरी को फैसला होगा। एडीसी अनुराग ढालिया ने इस संबंध में बैठक बुलाई है, जो लघु सचिवालय में दोपहर 12 बजे आयोजित होगी। इस बैठक में ज्योति लूणा को अपना बहुमत साबित करना होगा। यदि वे बहुमत जुटाने में विफल रहीं तो उनकी कुर्सी चली जाएगी।
17 सदस्यों ने एडीसी को अविश्वास प्रस्ताव पर पत्र सौंपा
भट्टू पंचायत समिति के 21 सदस्यों में से 17 सदस्यों ने एकजुट होकर एडीसी अनुराग ढालिया से मुलाकात की थी और अविश्वास प्रस्ताव पर शीघ्र बैठक बुलाने की मांग की थी। इन सदस्यों की मांग पर प्रशासन ने बैठक की तारीख तय कर दी, और अब सभी की निगाहें इस महत्वपूर्ण बैठक पर टिकी हैं, जिसमें यह तय होगा कि ज्योति लूणा की चेयरपर्सन की कुर्सी बचती है या उन्हें पद से हाथ धोना पड़ेगा।
ज्योति लूणा के लिए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार बलवान सिंह का समर्थन करना भारी पड़ गया। बलवान सिंह के विधायक बनने के बाद पंचायत में राजनीतिक खींचतान बढ़ गई और पूर्व विधायक दुड़ाराम के खेमे ने विरोध शुरू कर दिया। इस संघर्ष का असर अब उनकी कुर्सी पर दिख रहा है। पंचायत समिति के उपाध्यक्ष बंसीलाल, जो पूर्व विधायक दुड़ाराम के करीबी माने जाते हैं, ने 13 जनवरी को अपने नेतृत्व में कुछ सदस्यों को एडीसी से मिलवाया। सदस्यों में अनु सरबटा ने आरोप लगाया कि चेयरपर्सन बनाए जाने के दौरान ढाई-ढाई साल के कार्यकाल पर सहमति बनी थी, लेकिन अब लूणा ने इससे मुकरने का प्रयास किया है, जिससे असंतोष बढ़ गया है।