गांव नागपुर में शनिवार दोपहर को जलघर में रखा क्लोरीन गैस का सिलेंडर लीक हो गया। इससे गैस हरिजन कालोनी में फैल गई और 50 से ज्यादा लोग इसकी चपेट में आ गए। करीब एक दर्जन लोग गैस के असर से बेहोश हो गए। इससे पूरे गांव में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में फतेहाबाद से एंबुलेंस बुलाई गई और प्रभावित लोगों को फतेहाबाद के सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया गया है।
इनमें एक बुजुर्ग महिला की हालत नाजुक बताई गई है। गैस रिसाव से आसपास के क्षेत्र की 15 एकड़ फसल पर भी प्रभाव पड़ा है। पशुओं की हालत भी नाजुक बताई गई है। देर शाम तक पुलिस तथा विभाग के आला अधिकारी गांव पहुंच गए थे। जन स्वास्थ्य विभाग के एसडीओ रणबीर सिंह ने बताया कि उच्च अधिकारियों को इस संबंध में अवगत करवा दिया गया है और पंचकूला से विशेषज्ञ बुलाए गए हैं।
फतेहाबाद से 15 किलोमीटर दूर नागपुर गांव के जलघर में पानी को साफ करने के लिए क्लोरीन गैस के सिलेंडर लगाए गए हैं। इसमें एक सिलेंडर को चैंबर के साथ लगाया गया है, जबकि एक सिलेंडर अतिरिक्त रखा हुआ है। शनिवार दोपहर तीन बजे के अतिरिक्त रखे सिलेंडर में से गैस का रिसाव होने लगा। जलघर के पंप ऑपरेटर जयबीर ने सिलेंडर को ठीक करने के लिए बाहर निकाल दिया।
तीन-चार अन्य लोगों की मदद से जयबीर जैसे ही सिलेंडर की नोजल को ठीक करने लगा तो नोजल बाहर आ गई और गैस का रिसाव तेज हो गया। सिलेंडर की नोजल का सिरा हरिजन कालोनी की तरफ होने से पूरी कालोनी में गैस फैल गई। इससे कालोनी की महिलाओं और बच्चों की तबीयत बिगड़ गई और उल्टियां होने लगीं। गैस के प्रभाव में आने से करीब एक दर्जन लोग बेहोश हो गए।
इन लोगों की बिगड़ी तबीयत
सुमन, सुमित्रा, शीला, सतपाल, रानी, अमरी बाई, मनप्रीत, सुमन, अंजू, नीतू, राममूर्ति, अंगूरी देवी, चमेली, लज्जो बाई, गुड्डो, सीतो, सिमरन जोत, मनप्रीत, परमजीत, प्रिंस, रवि, अमरजीत, कमला, खाबड़ी, संतोष
पशु चिकित्सक भी पहुंचे गांव
क्लोरीन गैस की चपेट में आने से एक दर्जन के करीब पशुओं की भी हालत बिगड़ गई है। सूचना मिलने पर पशु चिकित्सक भी गांव में पहुंचे और पशुओं का उपचार शुरू किया।
सिर में दर्द और फिर चक्कर आने लगा
अचानक पूरी कालोनी में धुआं फैल गया। सिर दुखने लगा और फिर चक्कर आने लग गए और बेहोश आने लगी।
सुमन, ग्रामीण
मेरा पूरा परिवार बेहोश हो गया
मेरा घर जलघर के नजदीक है। जैसे ही गैस लीक हुई तो पूरी कालोनी में धुआं फैल गया। घर नजदीक होने के कारण मेरी मां और बच्चे सभी लोग बेहोश हो गए। मेरी मां की अभी ज्यादा तबीयत खराब है।
सुखपाल, ग्रामीण
हवा तेज होती तो ज्यादा होता नुकसान
अगर हवा चल रही होती तो पूरे गांव में गैस फैल जाती। इससे ज्यादा नुकसान होता और सभी की तबीयत बिगड़ जाती।
चमेली, ग्रामीण
क्लोरीन गैस का सिलेंडर हल्का लीक हो रहा था। सिलेंडर को ठीक करने के लिए जैसे ही बाहर निकाला तो एकदम से गैस ज्यादा लीक होने लगी और आसपास की कालोनी में फैल गई।
जयबीर, पंप ऑपरेटर
जलघर में गैस लीक हो रही थी। वर्कर ने जैसे ही सिलेंडर को बाहर निकाला तो उसका मुंह कालोनी की तरफ हो गया और वह तेजी से बाहर निकलने लगी। इससे कालोनी के लोग चपेट में आ गए।
सुनीता सिहाग, सरपंच गांव नागपुर
हरियाणा में हुआ पहला हादसा
क्लोरीन गैस का सिलेंडर रेगुलेटर के पास से लीक हो गया। क्लोरीन गैस जहरीली होती है, जिसे पानी को साफ करने के लिए प्रयोग में लाया जाता है। इसे बहुत ही कम मात्रा में छोड़ा जाता है। क्लोरीन गैस रिफिल का काम पंचकूला की फर्म के पास है। फर्म और उच्च अधिकारियों को बता दिया गया है। विशेषज्ञों को भी बुलाया गया है। हरियाणा में क्लोरीन गैस लीक होने का ऐसा पहला हादसा है।
रणबीर सिंह, एसडीओ, जन स्वास्थ्य विभाग