फतेहाबाद/टोहाना। फतेहाबाद शहर में दिल्ली से पहुंची टीम ने स्वच्छता सर्वेक्षण पूरा कर लिया है। टीम ने शुक्रवार को देर शाम तक सफाई व्यवस्था का जायजा लिया और इसके बाद शनिवार सुबह भूना और टोहाना पहुंच गए। शनिवार को दो-दो सदस्यों ने शहर की सफाई व्यवस्था का निरीक्षण कर लोगों से फीडबैक लिया। हालांकि अभी तक सर्वेक्षण टीम रतिया नहीं पहुंची है और सर्वेक्षण का समय पूरा होने में पांच दिन रह गए हैं।
टोहाना में सफाई व्यवस्था का जायजा लेने पहुंची दो सदस्यीय टीम ने जब फीडबैक लिया तो वार्डों के लोग बोले कि सफाई कर्मी कभी-कभी आते हैं और लेकिन कूड़ा लेने वाली गाड़ी को लेकर संतुष्ट है। सप्ताह में चार से पांच दिन कूड़ा लेने वाली गाड़ी जरूर आती है लेकिन सफाई कर्मी नहीं आते हैं। टीम ने टोहाना में 10 शौचालयों की जांच की और 55 लोगों का देर शाम तक फीडबैक लिया। इसके अलावा भूना में टीम ने दो शौचालयों की जांच कर 50 लोगों का फीडबैक लिया।
टोहाना सब्जी मंडी और अनाजमंडी में कचरा के ढेर मिले
सर्वेक्षण टीम ने टोहाना में टिब्बा कॉलोनी, राजनगर, मॉडल टाउन, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, अनाजमंडी, सब्जी मंडी, टाउन पार्क और स्लम बस्ती व 10 शौचालयों की जांच की। टीम जब सब्जी मंडी और अनाजमंडी पहुंची तो यहां पर कचरा के ढेर मिले। इसके अलावा यहां के शौचालय भी गंदे मिले। सब्जी मंडी में टीम को प्लास्टिक का प्रयोग होता हुआ मिला। लोगों से फीडबैक लिया तो बोले कि यहां पर प्लास्टिक प्रयोग हो रहा है। सब्जी मंडी में लोग बोले कि यहां पर सफाई कर्मी कई-कई दिन तक नहीं आते।
भूना में बस स्टैंड का शौचालय मिला गंदा
टीम ने भूना में वार्डों का निरीक्षण किया। मुख्य मार्गों पर टीम को कचरा के ढेर मिले। टीम ने टेबलेट में फोटो ली। आसपास के लोगों से फीडबैक लिया तो लोग बोले कि यहां पर सफाई कर्मी कभी कभी आते हैं, गीला-सूखा को लेकर अलग-अलग करने के लिए नहीं कहा जाता है। टीम ने बस स्टैंड के शौचालय का निरीक्षण किया, यहां पर टीम को गंदगी मिली।
फतेहाबाद के डंपिंग प्वाइंट का नहीं हुआ निरीक्षण
टीम ने फतेहाबाद शहर में औपचारिकता पूरी की है। एक दिन में ही टीम ने सर्वेक्षण पूरा कर दिया। जबकि पहले टीम यहां पर चार से पांच दिन तक रुकती है। इसके पीछे कारण यह बताया जा रहा है कि सर्वेक्षण का काम 31 जनवरी तक पूरा होना है। इसके चलते टीम जल्द से जल्द सर्वेक्षण और फीडबैक लेकर काम पूरा कर रही है। अहम बात यह है टीम ने डंपिंग प्वाइंट का निरीक्षण किया। यहां पर न तो कंपोस्ट खाद बनाने की व्यवस्था है और न ही कूड़ा को इकट्ठा करने की पर्याप्त जगह है।
ये हैं स्वच्छता सर्वेक्षण के अंक
कुल अंक : 6000
शहरवासियों से फीडबैक : 1500
कागजात की जांच : 1500
प्रत्यक्ष अवलोकन : 1500
सेवा स्तर की प्रगति :1500
पिछले दो सालों की रैंकिंग पर एक नजर
शहर 2019 रैंकिंग 2018 रैंकिंग
फतेहाबाद 177 191
भूना 399 172
टोहाना 329 289
रतिया 9840 572
वर्जन
स्वच्छता सर्वेक्षण को लेकर विभाग की टीम ने टोहाना में सार्वजनिक शौचालयों, कॉलोनियों का सर्वे किया है तथा लोगों से फीडबैक लिया है। राजनगर व टिब्बा कलोनी में लोगों ने सफाई कर्मियों के कम आने की बात कही है लेकिन 60 प्रतिशत से अधिक लोग संतुष्ट नजर आए है। उन्होंने बताया कि सार्वजनिक शौचालयों की व्यवस्था ठीक मिली है। सब्जी मंडी व अनाज मंडी में व्यवस्था ठीक नही पाई गई।
- कुमार सौरभ जिला संयोजक स्वच्छ भारत मिशन।