फतेहाबाद। तहसील कार्यालय और ई-दिशा केंद्र में अपने कार्य करवाने के लिए आने वाले नागरिकों को अव्यवस्था के कारण परेशानी का सामना करना पड़ता है। कभी बिजली कट के कारण कार्य बाधित हो जाता है तो कहीं कर्मचारियों की कमी के कारण लोगों को लंबी कतारों में लग कर अपने कार्य करवाने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता है।
वहीं कार्यालय में पेयजल और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाएं भी नहीं हैं। जबकि सरकार को सबसे ज्यादा राजस्व भी यहां से प्राप्त होता है। तहसील कार्यालय व ई-दिशा केंद्र में बदहाली का मामला सोमवार को समाधान शिविर में पहुंचा। भारतीय किसान संघ फतेहाबाद के जिला प्रधान रोहताश पंघाल ने अव्यवस्था को लेकर समाधान शिविर में उपायुक्त के नाम मांग पत्र दिया।
तहसील कार्यालय में कर्मचारियों की कमी : जमाबंदी कार्य के लिए तहसील कार्यालय में लोगों की लंबी लाइन लगती है और लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ता है। तहसील कार्यालय में जमाबंदी कार्य के लिए कर्मचारियों की कमी है, जिस कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
ई-दिशा केंद्र के शौचालय की नहीं होती सफाई : वहीं ई-दिशा केंद्र में आने वाले नागरिकों के लिए शौचालय जैसी मूलभूत सुविधा भी पूरी नहीं है। ई-दिशा केंद्र के प्रथम तल पर बने शौचालय की सफाई ने होने से पूरे ई-दिशा केंद्र में बदबू रहती है। इस कारण यहां पर बैठना मुश्किल हो जाता है। वहीं रजिस्ट्री कार्यालय में बिजली कट लगने पर काम प्रभावित होता है।
रजिस्ट्री कार्यालय में नहीं है पेयजल की व्यवस्था :
रजिस्ट्री कार्यालय में प्रतिदिन सैकड़ों नागरिक अपने काम के लिए आते हैं। इस दौरान नागरिकों को गर्मी के मौसम में पीने के लिए ठंडा पानी भी नहीं मिल पाता। ई-दिशा केंद्र के बाहर एक वाटर कूलर लगा हुआ है, लेकिन वह चल नहीं रहा है। जिस कारण उसमें से गर्म पानी आता है।
जमाबंदी व फर्द के लिए लग रही लंबी लाइन
फतेहाबाद के रजिस्ट्री कार्यालय में जमाबंदी व फर्द संबंधित काम के लिए सिर्फ एक ही कर्मचारी है, जिस कारण लोगों को काफी परेशानी होती है। रोजाना फर्द संबंधित काम के लिए लंबी लाइन लगती है। घंटों इंतजार के बाद ही काम होता है। सुबह से शाम तक लाइन लगी रहती है। रोजाना करीब 500 से अधिक लाेग फर्द निकलवाने के लिए आते हैं।
लाइट जाने पर नहीं होता काम
फतेहाबाद के ई-दिशा केंद्र और रजिस्ट्री संबंधित काम के दौरान बिजली कट के दौरान काम रुक जाता है। जिस कारण लोगों को कार्य करवाने के लिए इंतजार करना पड़ता है। बिजली आपूर्ति के कट कब लगेंगे कब आपूर्ति बहाल होगी इसकी जानकारी भी किसी कर्मचारी को नहीं होती।