फतेहाबाद। भाजपा संगठन के पदाधिकारियों के साथ उलझना रतिया के तहसीलदार को महंगा पड़ेगा। पहले उपमंडल स्तर पर शिकायतों के बाद अब शुक्रवार को भाजपा के जिला महामंत्री अशोक जाखड़ ने जिले के प्रमुख अधिकारियों की भरी बैठक में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से सीधी शिकायत कर डाली है।
दरअसल, समाधान शिविर के दौरान मुख्यमंत्री नायब सैनी को नागरिकों से संवाद करना था। इस दौरान भाजपा जिला महामंत्री अशोक जाखड़ व कष्ट निवारण समिति के सदस्य भारतभूषण गर्ग भी मौजूद रहे। सीएम के समक्ष अपनी बात रखते हुए महामंत्री अशोक जाखड़ ने कहा कि रतिया के तहसीलदार विजय बब्बर का व्यवहार ठीक नहीं है। वह रजिस्ट्री के लिए पैसों की मांग करते हैं और पार्टी पदाधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार करते हैं। इतना सुनने के बाद सीएम ने डीसी मनदीप कौर को निर्देश दिए कि रतिया के एसडीएम से मामले की जांच करवा कर रिपोर्ट मुख्य सचिव कार्यालय को भेज दें।
जिला सचिव व मंडल अध्यक्ष के साथ अभद्र व्यवहार के लगे थे आरोप
रतिया के तहसीलदार विजय बब्बर पर भाजपा के जिला सचिव कुलवंत सैनी, रतिया के शहरी मंडल अध्यक्ष सुखविंद्र गोयल, ग्रामीण मंडल अध्यक्ष जसकरण सिंह ग्रेवाल, नागपुर मंडल अध्यक्ष निर्मल सिंह व भिरड़ाना मंडल अध्यक्ष इंद्राज सिंह, रतिया नगरपालिका उपाध्यक्ष जोगेंद्र नंदा ने भ्रष्टाचार व अभद्र व्यवहार के आरोप लगाए थे। तहसीलदार की शिकायत दो दिन पहले फतेहाबाद दौरे पर आए भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली के सामने भी रखी गई थी। वहीं, इस मामले में मुख्यमंत्री को शिकायत देने के लिए जिला सचिव कुलवंत सैनी शुक्रवार को कुरुक्षेत्र भी गए। इन भाजपा पदाधिकारियों ने तहसीलदार के तबादले की मांग की है। इसी मुद्दे को शुक्रवार को समाधान शिविर के दौरान जिला महामंत्री अशोक जाखड़ ने उठाया।
गांव नहला के कृष्ण की जमीन 4 कनाल 17 मरले, दिखा दी 5 एकड़
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने समाधान शिविर में शिकायत लेकर आए लोगों से संवाद किया। मुख्यमंत्री के समक्ष गांव नहला निवासी कृष्ण व उनकी बेटी ने शिकायत रखी कि उनकी फैमिली आईडी में उनके नाम पांच एकड़ चार कनाल भूमि वेरिफाई कर रखी है। मगर उनके नाम केवल चार कनाल 17 मरले जमीन हैं। इस पर मुख्यमंत्री ने डीसी मनदीप कौर को निर्देश दिए कि परिवार पहचान पत्र की टीम को निर्देश देकर तुरंत दुरुस्त करवा कर दोबारा अपडेट करवा दें ताकि शिकायतकर्ता सरकार की योजनाओं का लाभ ले सके।
गांव मघावाली के रमेश ने सीएम को बताया, 15 गांवों में नहीं जलती पराली
इसी तरह रतिया तहसील के गांव मघावाली निवासी रमेश कुमार ने जिला प्रशासन द्वारा पराली प्रबंधन पर किए गए कार्यों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री को बताया कि वे पिछले दस साल से पराली प्रबंधन का कार्य कर रहे हैं। उनके गांव के अनेक लोग इस मुहिम से जुड़े और आसपास के लगभग 15 गांवों में दस साल से कोई आगजनी की घटना नहीं घटी है। इस पर सीएम ने उनकी व प्रशासन की सराहना की। सीएम ने कहा कि एएफएल बेहद कम आने के मामले में फतेहाबाद टॉप पर है। यह खुशी की बात है।
चंडीगढ़ से संबंधित फाइलों को हाइलाइट करके भेजें
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिए कि जो समस्याएं चंडीगढ़ से संबंधित हैं, उन्हें हाइलाइट करके मुख्य सचिव कार्यालय को भेजें ताकि उनका भी समाधान जल्द किया जा सके। ऐसी समस्याएं, जिन्हें रद्द कर दिया जाता है, उनके रद्द होने का कारण जरूर जांचे ताकि इन समस्याओं का भी संज्ञान लिया जा सके। शिकायतें कम आने पर सीएम ने अधिकारियों से कहा कि समाधान शिविरों के बारे में ज्यादा से ज्यादा प्रचार प्रसार करवाएं। गांव-गांव मुनादी करवाएं ताकि जनता अपनी समस्याओं के बारे में अधिकारियों को अवगत करवा कर उनका समाधान करवा सके।
जिले में तीन स्थानों पर सुबह 10 से 12 बजे तक लगेंगे समाधान शिविर
जिले में अब फतेहाबाद, टोहाना व रतिया में सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर लगेंगे। रतिया व टोहाना में एसडीएम और संबंधित विभागों के सभी उपमंडल स्तर के मुखिया शिविर में मौजूद रहेंगे। वहीं, जिला मुख्यालय पर डीसी, एसपी, एडीसी सहित अन्य विभागों के विभागाध्यक्ष मौजूद रहेंगे। शिविर में आने वाली सभी समस्याओं के समाधान, रद्द होने के कारण या अन्य स्टेट्स की रिपोर्ट उसी दिन चंडीगढ़ भेजी जाएगी।