फतेहाबाद। गांव मल्हड़ ग्राम पंचायत ने श्मशान भूमि से शीशम, कीकर, नीम आदि के पेड़ कटवा दिए जाने पर गांव के पर्यावरण प्रेमियों ने सरपंच के खिलाफ गुस्सा जाहिर करते हुए एडीसी राहुल मोदी को शिकायत दी है। इस मामले की जांच नागपुर के बीडीपीओ विकास लांग्यान कर रहे हैं।
वीरवार को सरपंच राजेंद्र और शिकायतकर्ताओं को बीडीपीओ कार्यालय में बुलाकर दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए गए। शिकायतकर्ता नरेश और सुरेश कुमार ने बताया कि उनकी श्मशान भूमि में काफी साल से हरे पेड़ खड़े थे। कुछ दिन पहले छुट्टी का मौका देखकर सरपंच ने पेड़ काटने को लेकर मजदूर लगा दिए। विरोध होने के बाद एक ट्रॉली पेड़ श्मशान भूमि में ही रखवा लिए।
वीरवार को ग्रामीण सुरेश कुमार, मनप्रीत सिंह, सुनील कुमार, संदीप, नरेश कुमार, सीताराम, सुभाष देवीलाल, बूटा सिंह आदि ने रोष जताते हुए इस मामले में कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार और प्रशासन हर वर्ष करोड़ों रुपये पर्यावरण संरक्षण के लिए खर्च करते हैं। मगर मल्हड़ की पंचायत द्वारा निजी लाभ लेने के उद्देश्य से पेड़ काट दिए गए। पेड़ काटने वाले आरोपियों के खिलाफ प्रशासन सख्ती से कार्रवाई करें।
श्मशान भूमि के अंदर झाड़ियां थी, जिन्हें कटवाया गया है। गलतफहमी के कारण ग्रामीणों ने शिकायत दी है। पंचायत करके मामले को निपटा दिया जाएगा। बीडीपीओ कार्यालय में हमारे बयान दर्ज किए गए हैं।
- राजेंद्र कुमार, सरपंच, गांव मल्हड़
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पेड़ काटे जाने की शिकायत ग्रामीणों ने दी है। इसके बाद ग्राम सचिव ने श्मशान भूमि में जाकर मौका निरीक्षण किया है। कोई दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
- विकास लांग्यान, बीडीपीओ, खंड नागपुर