भूना। नगर पालिका की हाउस की मीटिंग में सर्वसम्मति से कचरा निस्तारण प्लांट के खिलाफ प्रस्ताव पार
भूना। नगर पालिका की करीब 10 एकड़ जमीन पर प्रस्तावित कचरा निस्तारण प्लांट के खिलाफ विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार को हाउस की बैठक में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर इस परियोजना के लिए जमीन देने से साफ इन्कार कर दिया गया। यह तीसरी बार है जब हाउस ने इस योजना को खारिज किया है।
उल्लेखनीय है कि शहरी निकाय मंत्री विपुल गोयल की अध्यक्षता में गुरुग्राम स्थित रेस्ट हाउस में हुई उच्चस्तरीय बैठक में जिले के पांच शहरों के कचरे को एक ही स्थान पर निस्तारित करने की योजना को मंजूरी दी गई थी। इसके तहत भूना शहर से करीब 3 किलोमीटर दूर नगर पालिका की 10 एकड़ जमीन पर कचरा प्लांट स्थापित करने की घोषणा की गई थी।
जैसे ही इस योजना की जानकारी सामने आई भूना शहर में विरोध शुरू हो गया। हालात को देखते हुए चेयरपर्सन अर्पणा पसरीजा ने आपात बैठक बुलाकर पार्षदों के साथ चर्चा की। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि नगर पालिका इस परियोजना के लिए अपनी जमीन नहीं देगी और इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री से मुलाकात की जाएगी।
नगरपालिका हाउस पहले भी दो बार इस प्रस्ताव को खारिज कर चुका है लेकिन इसके बावजूद सरकार की ओर से परियोजना को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया जारी है। इससे स्थानीय लोगों में नाराजगी और बढ़ गई है। शहरवासियों का कहना है कि भले ही प्लांट को बंद ढांचे में बनाया जाए लेकिन इसके दुष्प्रभावों से इंकार नहीं किया जा सकता। इससे क्षेत्र में प्रदूषण, दुर्गंध और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ने का खतरा है। बैठक में नगर पालिका के सचिव दीपक, वाइस चेयरमैन नरेंद्र बागड़ी, मनोनीत पार्षद पूनम सिंगला, वार्ड 7 से पार्षद राहुल आदि मौजूद रहे।