जनविरोधी नीतियों के खिलाफ एकजुट होकर आंदोलन तेज करने की जरूरत : विनीत
अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद। हरियाणा राज्य चतुर्थ श्रेणी सरकारी कर्मचारी यूनियन का 20वां राज्य प्रतिनिधि सम्मेलन रविवार को स्थानीय पटवार भवन में आयोजित किया गया। दो दिवसीय राज्य सम्मेलन की अध्यक्षता राज्य प्रधान ईश्वर सिंह सिरोही ने की व संचालन राज्य महासचिव दलेल सिंह राणा ने किया। सम्मेलन की शुरूआत करते हुए स्वागत समिति के अध्यक्ष पृथ्वी सिंह काकड़, राज्य प्रधान पटवार एवं कानूनगो एसोसिएशन ने प्रदेशभर से आए हुए डेलीगेट व साथियों का स्वागत किया।
सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए वन कर्मचारी संघ हरियाणा के राज्य महासचिव विनीत कुमार ने कहा कि देश व प्रदेश में साम्राज्यवादी ताकतों द्वारा नव-उदारीकरण की नीतियों को जनता पर थोपा जा रहा है। इसके कारण गरीब व मेहनतकश जनता को भारी आर्थिक व मानसिक शोषण का शिकार होना पड़ रहा है। स्थायी रोजगार देने की बजाय केंद्र व राज्य सरकार अस्थायी, ठेका प्रथा के तहत भर्तियां कर रही है। श्रम कानूनों का उल्लंघन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इनके खिलाफ सभी कर्मचारी संगठनों को मिलकर जनविरोधी नीतियों का विरोध करते हुए आंदोलन तेज करने की जरूरत है।
कर्मचारी नेताओं ने कहा कि सत्ता में आने से पहले भाजपा सरकार ने जनता से हर वर्ष 2 करोड़ रोजगार देने, महंगाई कम करने, स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने का वायदा कर सत्ता हासिल की थी लेकिन अब वादाखिलाफी करके केंद्र व राज्य सरकार दमनकारी व उत्पीड़नकारी नीतियों को तेजी से लागू कर रही है। पीपीपी व ठेका प्रथा नीति को आगे लाया जा रहा है। सम्मेलन में सर्व कर्मचारी संघ के जिला प्रधान भूप सिंह भड़ोलावाली, चतुर्थ श्रेणी यूनियन के राज्य प्रधान विनोद कुमार, आल हरियाणा पावर कार्पोरेशन वर्कर यूनियन के सचिव रामनिवास शर्मा, हरियाणा विद्यालय अध्यापक संघ के राज्य नेता राजपाल मित्ताथल, सर्व कर्मचारी संघ के ब्लॉक सचिव इंद्र सिंह घासी आदि ने भी संबोधित किया।