बारिश से खेतों में रुका कई फुट तक पानी, बाढ़ जैसे दिखे हालात
धान की फसल को पानी के लिए बोरवेल के रास्ते पानी निकाल धान की फसल बचाने में जुटे किसान
अमर उजाला ब्यूरो
जाखल।
क्षेत्र में शुक्रवार को भी बारिश का सिलसिला जारी रहा। बारिश के चलते आस पास के दर्जनों गांवों में खेतों के अंदर जमा भारी मात्रा में बारिश के पानी ने किसानों को चक्रव्यूह में डाल दिया है। पानी की कमी से जूझ रहे किसानों को अब खेतों में ज्यादा पानी जमा होने का खतरा बढ़ गया है। किसानों के मुताबिक यह हालात यू हीं कुछ दिन ओर जारी रहे तो धान की फसल को बचाना मुश्किल हो जाएगा।
गांव नड़ैल, कासिमपुर, साधनवास, सिधानी, चांदपुरा व मुंदलियां इत्यादि कई गांवों में खेतों की जमीन का स्तर नीचा है। जिस कारण बरसात का भारी मात्रा में पानी खेतों में जमा हो गया है। खेतों में खड़े पानी को देखकर किसान इसे निकालने का प्रयास कर रहे हैं। गांव चुहड़पुर के नजदीक शमशेर ठाकुर की दर्जनों एकड़ भूमि पर खड़े पानी को निकालने के लिए किसानों ने भरसक प्रयास करते हुए एक बोरवेल को खोजा है। किसानों के मुताबिक इस बोरवेल के सहारे पानी को जमीन में छोड़कर पुन: रिचार्ज कर लिया जाएगा। जिससे काफी हद तक पानी की निकासी होने का अनुमान है, लेकिन वहीं उन किसानों को भारी चिंता सता रही जिनके पास बोरवेल जैसे उपाय नहीं हैं। जाखल गांव के किसान अजैब सिंह ने कहा कि उसकी करीब 10 एकड़ भूमि पर धान की फसल बर्बाद हो चुकी है। वहीं गांव साधनवास के क्षेत्र में भी अनेक किसानों को पानी खड़ा होने से भारी नुकसान हो रहा है।
शुक्रवार को भी जारी रही बरसात
क्षेत्र में बरसात शुक्रवार को भी जारी रही। दोपहर बाद शुरू हुई बरसात शाम तक भी जारी रही। जिससे किसानों को भारी नुकसान होने की उम्मीद है।
सरकार की बीमा योजना का लेना चाहिए लाभ
ब्लॉक समिति चेयरपर्सन प्रतिनिधि एवं किसान हरविंद्र लाली ने कहा कि प्रदेश सरकार ने किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए फसल बीमा योजना चलाई हुई है। ऐसे में किसानों को चाहिए कि वह अपनी फसलों का बीमा अवश्य करवाएं। ताकि इस तरह की विपरीत परिस्थितियों में कुछ राहत मिल सके।
23 जाखल के गांव चुहड़पुर के नजदीक खेतों में खड़े बरसाती पानी को बोरवेल के रास्ते निकालने में जुटे किसान।