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मांगों को लेकर मिड डे मील वर्करों ने दिया धरना

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अमर उजाला ब्यूरो
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फतेहाबाद। मिड डे मील वर्कर यूनियन ने अपनी मांगों को लेकर उपायुक्त कार्यालय पर धरना दिया। धरने की अध्यक्षता जिला प्रधान गगनदीप कौर ने की व संचालन जिला सचिव किरणपाल रतिया ने किया। धरने के बाद यूनियन ने तहसीलदार को केंद्रीय वित्तमंत्री पीयूष गोयल के नाम ज्ञापन भी सौंपा। धरने को सीटू नेता राजकुमार निराणियां, जगीर सिंह, बेगराज ने भी संबोधित किया।
मिड डे मील वर्कर यूनियन की जिला प्रधान गगनदीप कौर ने कहा कि भाजपा सरकार मिड डे मील वर्कर्स के साथ नाइंसाफी कर रही है। वे सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए खाना बनाकर देश सेवा का काम कर रहे हैं लेकिन सरकार उनके बच्चों व उनके हितों के लिए कोई काम नहीं कर रही है। सरकार के अंतरिम बजट में मिड डे मील वर्करों को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया गया जिससे इनमें भारी रोष है।
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उन्होंने कहा कि मिड डे मील वर्कर्स पिछले लंबे समय से न्यूनतम वेतन, मानदेय में बढ़ोतरी, सामाजिक सुरक्षा की गारंटी व मिड डे मील योजना को मजबूत करने की मांग को लेकर लगातार आंदोलनरत है। सितंबर 2018 में प्रधानमंत्री द्वारा आंगनबाड़ियों व आशा वर्कर्स के मानदेय में बढ़ोतरी की घोषणा की गई थी परंतु उस समय मिड डे मील वर्कर्स को बिलकुल नजरअंदाज कर दिया। उन्होंने कहा कि मिड डे मील वर्करों ने संघर्ष कर सरकार से 3500 रुपये मानदेय करवाया था लेकिन उन्हें वो भी नहीं दिया जा रहा। फतेहाबाद जिले में पिछले करीब 6 महीनों से वर्करों का मानदेय बकाया पड़ा है। जिस कारण उन्हें अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने मिड डे मील वर्कर्स को 18 हजार रुपये न्यूनतम वेतन देने, उन्हें पक्का करने, जिन वर्करों का मानदेय बकाया पड़ा है, उन्हें तुरंत मानदेय देने, 45वें श्रम सम्मेलन की सिफारिशों को लागू करते हुए मिड डे मील वर्कर्स को मजदूर का दर्जा प्रदान करते हुए पेंशन सहित सामाजिक सुरक्षा की गारंटी देने व योजना के लिए पर्याप्त बजट आवंटित किए जाने की मांग की।
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