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सुशील हत्याकांड में सभी आरोपियों और मृतक के भाई का होगा लाई-डिटेक्टर टैस्ट

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अमर उजाला ब्यूरो
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फतेहाबाद।
गांव ढिंगसरा के सुशील हत्याकांड मामले में सभी आरोपियों और मृतक के भाई का लाई डिटेक्टर टेस्ट होगा। जिससे हत्या का राज खुलेगा। बुधवार को कोर्ट ने भट्टू पुलिस को इसकी इजाजत दे दी है। भट्टू एसएचओ मुकेश बैनीवाल ने इसकी पुष्टि की है। मामले में भट्टू पुलिस ने कोर्ट में याचिका डालकर सुशील हत्याकांड में आरोपी बनाए गए सुनील, भादर, लीलूराम, भरत, नवनीत, छोटू, महेन्द्र की पत्नी मंजू एवं मृतक के भाई और शिकायतकर्ता शिवकुमार का लाई-डिटेक्टर टेस्ट करवाने की इजाजत मांगी थी। इस मामले में पुलिस द्वारा आरोपी महेंद्र की पत्नी मंजू का भी लाई-डिटेक्टर टेस्ट करवाने की मांग करना इस मामले में नई कड़ी के तौर पर देखा जा रहा है।

बता दें कि पिछले माह 19 मई को ढिंगसरा के वाटर वर्क्स के पास एक बुरी तरह जल चुकी कार में एक व्यक्ति का कंकाल मिला था। बाद में मृतक की पहचान गांव के ही सुशील के रूप में हुई थी। पुलिस ने इस मामले में मृतक के भाई शिवकुमार की शिकायत पर छह लोगों को नामजद किया था। अब इन्हीं आरोपियों का लाई-डिटेक्टर टस्ट करवाने की याचिका कोर्ट में डाली गई थी।
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सुनील के माता-पिता का डीएनए मिलान होगा
जानकारी देते हुए भट्टू थानाध्यक्ष मुकेश बैनीवाल ने बताया कि आरोपियों के लाई-डिटेक्टर टेस्ट के साथ ही मृतक के शव और सुनील के माता-पिता का डीएनए मिलान होगा। एसएचओ ने बताया कि मृतक सुशील के डीएनए टैस्ट सैंपल मधुबन भेजे जा चुके हैं। अब बस सुशील के माता-पिता का ब्लड सैंपल भेजना बाकी है। डीएनए रिपोर्ट करवाने के बाद इस मामले की तस्वीर स्पष्ट हो पाएगी।

वारदात के दिन मंजू और सुशील के बीच फोन पर भी बातचीत के सबूत
दूसरी ओर भट्टू पुलिस द्वारा इस मामले में आरोपी महेंद्र की पत्नी का नाम भी लाई-डिटेक्टर टेस्ट के लिए देने की पीछे की वजह भी चौंकानी वाली है। पुलिस सूत्रों की मानें तो पुलिस पूछताछ में आरोपी महेंद्र ने इस बात का खुलासा किया है कि वारदात से एक रात पहले मृतक सुशील उसके घर में ही रुका हुआ था। इतना ही नहीं, वारदात के दिन मंजू और सुशील के बीच फोन पर भी बातचीत के सबूत पुलिस को मिले हैं, हालांकि पुलिस पूछताछ में आरोपी महेंद्र ने ये कहा है कि मंजू के फोन से उसने ही सुशील से बात की थी। पुलिस इस मामले में बहुत ही सतर्कता से आगे बढ़ रही है। पुलिस सूत्रों की मानें तो इस केस में मंजू की इंट्री से इस केस में हत्या की वजह की एक अहम कड़ी मिल सकती है। हालांकि पुलिस इस पर खुलकर कुछ भी बोलने से बच रही है।
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मधुबन से विशेष टीम भी कर चुकी है घटनास्थल की जांच
अभी कुछ दिन पहले ही मधुबन से एक विशेष जांच टीम भी घटनास्थल की जांच कर चुकी है। इसकी पुष्टि फतेहबाद सीन ऑफ क्राइम टीम के इंचार्ज डॉ. जोगिंद्र ने भी की है। डॉ. जोगिंद्र के अनुसार मधुबन से दो सदस्यीय टीम ने उनके साथ घटनास्थल का भी निरीक्षण किया था और भट्टू थाने में खड़ी जली हुई कार की भी जांच की थी। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार इस टीम को भी कई अहम सुराग हाथ लगे हैं।

सुशील हत्याकांड : लाई-डिटेक्टर टेस्ट से खुलेगा मौत का राज
सभी आरोपियों और मृतक के भाई का होगा टेस्ट
भट्टू पुलिस की याचिका पर कोर्ट ने दी इजाजत
19 मई को कार सहित जिंदा जलाया गया था सुशील
वारदात से एक रात पहले आरोपी महेंद्र के घर पर ही रुका था मृतक सुशील, पूछताछ में कबूला
महेंद्र की पत्नी के फोन पर मृतक सुशील की हुई थी बात
महेंद्र की पत्नी मंजू के टेस्ट के लिए भी कोर्ट ने दी परमिशन


07एफटीबीपी08 : 19 मई को घटनास्थल पर खड़ी जली हुई कार, व अंदर स्थित कंकाल। (फाइल फोटो)
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