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Fatehabad News: धांगड़ में पंचायती भूमि से काटे 300 पेड़

Wed, 18 Mar 2026 12:11 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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गांव धांगड़ में काटे गए हरे पेड़ों की लकड़ी से भरी ट्रॉली। स्रोत ग्रामीण
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फतेहाबाद। गांव धांगड़ में पंचायती भूमि से बगैर अनुमति के करीब 300 सफेदे के हरे पेड़ काटे जाने से ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। इन पेड़ों की कटाई का काम रविवार व सोमवार को किया गया था। ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। इसके बाद कटाई का काम रुकवा दिया गया है।
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गांव धांगड़ की पंचायती भूमि पर करीब 4 वर्ष पुराने सफेदे के हरे-भरे पेड़ों को बिना किसी पूर्व अनुमति या वन विभाग की एनओसी के बगैर काटना शुरू कर दिया गया। ग्रामीणों को पेड़ों की कटाई का पता चलने पर विरोध करना शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने प्रशासनिक अधिकारियों को सूचना दी। ग्रामीणों का आरोप है कि पर्यावरण को नुकसान पहुंचाते हुए इन पेड़ों को अवैध तरीके से करने की कोशिश की जा रही थी।





पुलिस और वन विभाग की कार्रवाई



जिला पुलिस टीम ने तुरंत मौके पर पहुंचकर कटाई का काम रुकवाया। वहीं, वन विभाग की टीम ने भी घटनास्थल का मुआयना किया और कटे हुए पेड़ों की गिनती कर जांच शुरू कर दी है। पेड़ों की कटाई को लेकर वन विभाग से पहुंचे वन रक्षक रघुवीर के अनुसार पेड़ों की कटाई की गई है। काटे गए पेड़ों की गिनती अभी तक नहीं हो पाई है। बिना अनुमति के इतनी बड़ी संख्या में पेड़ों की कटाई कानूनन अपराध है।
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उपायुक्त से सख्त कार्रवाई की मांग



ग्रामीण मांगेराम ने इस मामले में जिला उपायुक्त को एक लिखित शिकायत सौंपी है। शिकायत में मांग की गई है कि पेड़ों की कटाई के पीछे जिम्मेदार व्यक्तियों की पहचान की जाए। पर्यावरण नियमों के उल्लंघन के लिए जुर्माना लगाया जाए। बिना किसी अनुमति के 300 पेड़ों को काट देना पर्यावरण के साथ खिलवाड़ है। हम दोषियों पर सख्त कार्रवाई चाहते हैं।

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गांव धांगड़ से पेड़ों की कटाई के बारे में कोई लिखित में अनुमति नहीं दी गई है। पेड़ों की कटाई के बारे में रिपोर्ट तैयार की जा रही है। इसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।
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-राजेश लीलड़, जिला वन अधिकारी, फतेहाबाद।
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