फतेहाबाद। शहर के भीमां बस्ती में मस्जिद वाली गली निवासी 26 साल के गौरव के सुसाइड मामले में 21 दिन बीतने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली है। मामले में अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है। मृतक के परिवार ने अब पुलिस जांच पर भी सवाल खड़े किए है। परिवार का आरोप है कि जांच के लिए पुलिस ने गौरव के दो मोबाइल कब्जे में लिए थे लेकिन अभी तक लैब में जांच के लिए नहीं भेजे गए है।
21 दिन बीतने के बाद भी मोबाइल लैब में जांच के लिए न भेजना सवाल खड़े करता है। आरोप है कि गौरव के मोबाइल में आरोपियों के खिलाफ सबूत है, आरोपी व्हाट्स एप व अन्य एप से चैट कर रहे थे। गौरव ने मोबाइल पर ही सुसाइड मैसेज लिखा था। मृतक के रिश्तेदार राजकुमार का कहना है कि परिवार शुक्रवार को एसपी निकिता खट्टर से मिलेगा। वहीं जांच अधिकारी रामनिवास का कहना है कि मामले में जांच जारी है। मोबाइल का एनालाइस किया जा रहा है। कॉल रिकॉर्ड भी लिया जा रहा है ताकि सबूत जुटाए जा सके।
तीन आरोपी फाइनेंसर के खिलाफ दर्ज है प्राथमिकी
बता दें कि शहर के भीमां बस्ती में मस्जिद वाली गली निवासी 26 साल के गौरव ने जहरीला पदार्थ निगलकर आत्महत्या कर ली थी। सुसाइड से पहले उसने अपने मां-बाप और बहन के नाम भावुक मैसेज लिखा। ये मैसेज उसके मोबाइल में मिला है। मोबाइल पर मिले मैसेज के मुताबिक युवक फाइनेंसरों से तंग था और उनकी किस्त नहीं चुका पा रहा था। मामले में बस स्टैंड चौकी पुलिस ने मृतक के पिता तरुण के बयान पर आरोपी हिसार निवासी शुभम, प्रदीप और नरवाना निवासी गौरव के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की थी।