अमर उजाला ब्यूरो
भूना।
यूरिया खाद प्राप्त करने के लिए किसानों को लंबी लाईनों में लगना पड़ रहा है। आधार कार्ड पर मात्र एक किसान को 5 बैग यूरिया खाद के दिए जा रहे हैं। सुबह से ही दुकानों के आगे किसानों की लंबी कतारें लग जाती हैं।
किसान रामकिशन सिहाग हांसगा, बलजीत सिंह, राजेंद्र सिंह, कुरड़ा राम, हवा सिंह, बलविंद्र सिंह, सुच्चा सिंह, बलबीर सिंह आदि किसानों ने बताया कि खेतों में फसल को यूरिया की आवश्यकता है, किंतु दुकानों पर लाईनों के बीच में लगकर उन्हें बैग हासिल करने पड़ रहे हैं। जबकि एक आधार कार्ड पर उन्हें मात्र 5 बैग देकर टरकाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यूरिया की कमी की अफवाहों के चलते भूना ब्लॉक के 30 गांवों के किसान भूना अनाज मंडी में सुबह दुकान खुलने से पहले ही लाईनों में लग जाते हैं, जिसके कारण उन्हें भूख प्यासे यूरिया खाद के लिए भटकना पड़ रहा है। किसानों ने कहा कि पूर्व की भांति यूरिया की कमी होने का डर सता रहा है, इसलिए फसल के उत्पादन को बढ़ाने के लिए यूरिया खाद की जरूरत हर किसान को है। उन्होंनें लंबी लाईनों में लगने के कारण परेशानियों से गुजरना पड़ रहा है। श्याम लाल रामकुमार खाद विक्रेता ने बताया कि यूरिया की कोई कमी नहीं है, किसानों को संयम रखना चाहिए। उन्होंने बताया कि मंगलवार को 15 हजार बैग यूरिया खाद के आए हुए हैं, जिन्हें सरकार के आदेशानुसार आधार कार्ड पर 10 बैग या उससे अधिक भी भंडारण के अनुसार दिए जा रहे हैं। दुकानदार श्याम लाल ने कहा कि अफवाहों के कारण ही दुकानों के सामने सुबह से लंबी लाईनें लग रही हैं।