अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद।
परिणय सूत्र में बंधने का इंतजार खत्म होने वाला है। 31 अक्तूबर को देवउठनी एकादशी पर शहनाइय गूंजने लगेंगी। 04 जुलाई को देव शयनी एकादशी पर बंद शादियों का सिलसिला देवोत्थान एकादशी पर शुरू हो जाएगा। 31 अक्तूबर को देव उठनी पर शादियों का अबूझ साया होता है। सीजन की सबसे अधिक शादियां इसी दिन होनी है। फतेहाबाद में करीब 55 जोड़े इस दिन परिणय सूत्र में बंधेंगे। हालांकि इसके तुरंत बाद एक नवंबर को गुरु अस्त होने के कारण फिर एक सप्ताह तक शादियां नहीं हो सकेंगी। 7 नवंबर को गुरु दोबारा उदय होंगे पर शादियाें शुभ मुहुर्त आएंगे।
31 अक्तूबर से शादियों का सिलसिला शुरू होकर 10 जुलाई 2018 तक चलेगा। हालांकि शादियों का सबसे बड़ा मुहूर्त 31 अक्तूबर को है। इसके अलावा सात नवंबर के बाद 11 नवंबर, 13 दिसंबर और 14 जनवरी के दिन शादियों के लिए बड़ा साया है। हालांकि 21 फरवरी के बाद लोगों को शादियों के लिए फिर से लंबा इंतजार करना पड़ सकता है।
7 नवंबर से 21 फरवरी तक लगभग चार माह तक शुभ मुुहूर्त होने के कारण शहर में शादियों की धूम रहेगी। इनमें सबसे बड़ा मुहूर्त 14 जनवरी को बताया गया है। 31 अक्तूबर को देवउठनी एकादशी है। इस दिन अबूझ साया है। इस दिन भगवान विष्णू द्वारा अपनी निद्रा से उठने के बाद विवाह का शुभ संयोग बनता है।
मैरिज पैलेस तीन माह तक बुक
इन तीन माह में जिले में सबसे अधिक युवा परिणय सूत्र में बंधेंगे, जिसके चलते शहर के अधिकांश मैरिज पैलेस, धर्मशाला, टैंट हाउस, फोटो स्टूडियो, बसों व कारों की एडवांस बुकिंग हो चुकी है। इस कारण बाहर से आने वाले को परेशानी हो रही है। बस स्टैंड के साथ स्थित अग्रवाल धर्मशाला में 29 दिसम्बर तक लगातार बुकिंग है, इसी तरह अरोड़वंश धर्मशाला और शहर के अंदर स्थित मैरिज पैलेस पहले से ही बुक हैं।
एक अनुमान के मुताबिक 07 नवंबर से 21 फरवरी तक जिले में 500 युवा परिणय सूत्र में बंधेंगे। रंगोली रिसोर्ट के संचालक ललित मेहता ने बताया कि नवम्बर मास मेें उनके पास दिन-रात दो शिफ्टों में शादियों की बुकिंग है। सेतिया पैलेस के संचालक राकेश गेरा का कहना है कि उनके यहां दो बैंक्वेट हाल हैं, जिस कारण उनके यहां दो शादियों की एक ही समय में बुकिंग चल रही है।
डीजे सैंटर के संचालक राजू सरदाना ने बताया कि पहले वह 7 हजार रुपये में डीजे की बुकिंग कर लेते थे, लेकिन इन दिनों डीजे की डिमांड ज्यादा है। लोग 10 से 12 हजार रुपये तक देने को तैयार हैं। इसी प्रकार प्रींटिग प्रेस वालों की पूछ भी एकाएक बढ़ गई है। शहनाज प्रेस के मालिक देसराज ने बताया कि दशहरे के बाद उनका सीजन लगातार चल रहा है। 14 जनवरी तक की शादियों के उनके पास कार्ड के लिए सैकड़ों ऑर्डर आए हुए हैं। श्री श्याम मंदिर के पुजारी राजेश शर्मा ने बताया कि पहले 31 अक्तूबर और इसके बाद 07 नवंबर के बाद 13 नवंबर व उसके बाद 13 दिसंबर, व 14 जनवरी और 14 फरवरी के बहुत बड़े सावे हैं। 31 अक्तूबर को अकेले उनके पास 25 शादियों का निमंत्रण आ चुका है। उन्होंने बताया कि यह सिलसिला 21 फरवरी तक चलेगा। हालांकि शादियों के लिए शुभ मुहूर्त का सिलसिला जुलाई माह तक बदस्तूर जारी रहेगा।
पहले हलवाई ढूंढो
मंदी की मार के चलते कभी खाली बैठकर सारा दिन ग्राहकों के इंतजार करते हलवाई व कैटर्स अब ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। कई रईस लोगों ने अच्छे कैटरर्स न मिलने पर दिल्ली व लुधियाना से कैटरिंग का सामान मंगवाया है। इतना ही नहीं गांव में छोटी-मोटी दुकान चलाने वाले हलवाइयों की भी चांदी बनी हुई है। नए करेंसी नोटों की ब्लैक भी शुरू हो गई है।
फोटो
22एफटीबीपी09 : शादी समारोह के लिए फूलों की दुकान पर सजाई गई एक गाड़ी ।
22एफटीबीपी10 : शादी समारोह के लिए सजकर तैयार हुआ मैरिज पैलेस ।
22एफटीबीपी11 : पं राजेश शर्मा, मुख्य पुजारी, श्रीश्याम मंदिर, फतेहाबाद ।