फतेहाबाद। मंडियों में धान की आवक तेज हो चुकी है। धान में नमी की मात्रा ज्यादा है, इसलिए खरीद प्रक्रिया सुस्त चल रही है। इससे किसान नाराज हैं। फतेहाबाद की अनाजमंडी में रविवार शाम तक 15 हजार क्विंटल धान की आवक हो चुकी है। मगर खरीद सिर्फ ढाई हजार क्विंटल की हुई है। अधिकारियों का दावा है कि सोमवार से खरीद प्रक्रिया तेज हो चुकी है। उधर, भूना में धान की खरीद बेहद सुस्त चल रही है। इससे नाराज किसानों ने सोमवार को नारेबाजी की। किसान सभा ने चेतावनी दी है कि यदि खरीद तेज न हुई तो रोड जाम करने को मजबूर होंगे।
किसानों का कहना है कि वे पिछले कई दिनों से फसल बेचने के लिए अनाज मंडी में बैठे हैं। उनके धान की बोली नहीं हो रही। किसानों को हो रही परेशानी को देखते हुए अखिल भारतीय किसान सभा के जिला प्रधान कामरेड रामस्वरूप ढाणी गोपाल, मुंशीराम, बलबीर सिंह आदि ने भूना अनाज मंडी का दौरा किया। उनके मुताबिक मंडी में धान की खरीद नहीं हो रही। किसान नेताओं के मुताबिक भूना मंडी में किसानों ने बताया कि वे 3 अक्तूबर से अपनी फसल अनाज मंडी में लेकर आए हुए हैं। सरकार ने 3 अक्टूबर से धान की सरकारी खरीद शुरू करने की घोषणा की हुई है। वे अपना घर छोड़कर मंडी में ही धान की रखवाली के लिए बैठे हैं। किसान नेताओं ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि 12 अक्तूबर तक सुचारु रूप से धान की खरीद शुरू नहीं हुई तो किसान 13 अक्तूबर को भूना के सिरसा-चंडीगढ़ रोड जाम करने को मजबूर होंगे। इसके लिए जिला प्रशासन व सरकार जिम्मेदार होगी।
धान, बाजरा व गन्ने की विशेष गिरदावरी होगी : उपायुक्त
उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि प्रदेश सरकार ने खरीफ 2021 की फसल धान, बाजरा, कपास, मूंग और गन्ना की स्पेशल गिरदावरी करवाने के आदेश दिए हैं। 5 सितंबर के बाद भारी बरसात, जलभराव व कीटों के हमलों से खराब हुई फसलों के स्पेशल गिरदावरी के आदेश प्राप्त हुए हैं। सभी राजस्व विभाग के अधिकारियों और एसडीएम को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने इलाकों के गांवों में धान, बाजरा, कपास, मूंग व गन्ना के खराब की रिपोर्ट निर्धारित प्रोफार्मा में भरकर भेजे। सरकार ने फसल खराब के चार स्लैब निर्धारित किए हैं। इसके तहत 25 से 33 प्रतिशत, 33 से 50 प्रतिशत, 50 से 75 प्रतिशत तथा 75 प्रतिशत से अधिक की रिपोर्ट मांगी है। राजस्व अधिकारी विशेष गिरदावरी को मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर किसानों द्वारा दर्ज करवाई गई फसल से क्रॉस चेक भी करेंगे।
कोट
सीजन के शुरुआती दिनों में धान में नमी की मात्रा बहुत ज्यादा होती है। इस कारण एजेंसियों को धान खरीदने में दिक्कत आ रही है। अब खरीद प्रक्रिया तेज हो गई है। दो चार दिन में नमी और कम हो जाएगी। किसानों को किसी तरह की दिक्कत नहीं आने दी जाएगी।
-संजीव सचदेवा, सचिव, मार्केट कमेटी, फतेेहाबाद।
भूना अनाजमंडी में नारेबाजी करते किसान।- फोटो : Fatehabad