अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद। जिले के गांव हरिपुरा में एक पलंबर ने अपनी पत्नी की हथौड़ा मारकर व सोए हुए चार साल के बच्चे की इलेक्ट्रिक कटर से गला काटकर हत्या कर दी। हत्याकांड की वजह पति द्वारा पत्नी पर अवैध संबंधों का शक व घरेलू कलह को बताया जा रहा है। हत्याकांड को अंजाम देने के बाद आरोपी पति ने खुद भी ट्रेन के नीचे आकर जान देने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीणों ने उसे पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही डीएसपी उमेद सिंह, सदर एसएचओ रूपेश चौधरी, फोरेसिंक एक्सपर्ट डा. जोगिंद्र अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और घटना की जांच शुरू कर दी।
समाचार लिखे जाने तक पुलिस ने आरोपी पति का मेडिकल करवाकर उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस इस मामले को अवैध संबंधों से जोड़कर देख रही है। पुलिस अभी आरोपी पति श्रवण की गिरफ्तारी की पुष्टि करने से बच रही है जबकि ग्रामीणों का साफ कहना था कि उन्होंने आरोपी को पकड़कर पुलिस को सौंपा था।
डीएसपी उमेद सिंह ने बताया कि गांव हरिपुरा निवासी श्रवण (30) पलंबर का काम करता था। तकरीबन साढ़े पांच साल पहले उसकी शादी राजगढ़ की रहने वाली रेखा (26) से हुई थी। दोनों का एक चार साल का बेटा ध्रुव भी था। रविवार अलसुबह साढ़े तीन बजे के आसपास उसकी अपनी पत्नी से किसी बात पर बहस हो गई। बताया गया है कि पलंबर श्रवण को अपनी पत्नी पर हिसार के किसी युवक के साथ अवैध संबंधों का शक हो गया था और उसे लगता था कि उसका बेटा ध्रुव भी उसकी संतान नहीं है। इस बात पर उसकी शनिवार रात को अपनी पत्नी से तीखी नोंकझोंक भी हुई थी। इसके बाद श्रवण ने रविवार अलसुबह ड्राइंग रूम में चारपाई बिछाकर सोई हुई पत्नी रेखा के सिर पर हथौड़ा दे मारा, लेकिन वह उससे मरी नहीं। डीएसपी उमेद सिंह के अनुसार प्रथम दृष्टया ये प्रतीत हो रहा है कि पत्नी रेखा अपनी जान बचाने के लिए एक अन्य कमरे में भागी लेकिन वहां पर उसके पति ने पत्थर और पाइप काटने वाले इलेक्ट्रिक कटर से उसका गला काट दिया। इसके बाद उसने बेडरूम में बिस्तर पर सोये हुए अपने चार साल के मासूम बच्चे ध्रुव के मुंह में एक सफेद रंग का कपड़ा ठूंस दिया और एक ही झटके में इलेक्ट्रिक कटर उसके गले पर चला दिया। बच्चे के शव की हालत देखकर लग रहा था कि उसे संभलने का भी मौका नहीं मिला और उसकी मौत हो गई। मृतक बच्चे की आंखें अंत समय में आश्चर्य से खुली ही रह गई। आरोपी श्रवण पर वारदात के समय इतना खून सवार था कि उसने तब तक बेटे की गर्दन पर इलेक्ट्रिक कटर चलाए रखा जब तक उसकी गर्दन धड़ से अलग नहीं हो गई।
वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पति श्रवण अपनी बाइक उठाकर खुद मेहूवाला गांव के पास रेलवे ट्रैक पर जा पहुंचा। वहीं से उसने अपने भाई बबरीक को सारे मामले की जानकारी देकर खुद के आत्महत्या करने के लिए निकलने की बात कही। इस पर बबरीक ने समझदारी दिखाते हुए उसे बातों में लगाया और ग्रामीणों के साथ ही मेहूवाला के पास ट्रैक पर पहुंच गए। इससे पहले श्रवण रेल के नीचे आकर अपनी जान देता, उससे पहले ही ग्रामीणों ने उसे पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया। मृतक मां-बेटे के शव को पुलिस ने सामान्य अस्पताल में पोस्टमार्टम कर शवों को परिजनों को सौंप दिया।