फतेहाबाद, हिसार, सिरसा व जींद समेत चार जिलों के 3500 से ज्यादा किसान धरने में पहुंचे। मक्खन सिंह के मामले में प्रशासन व किसान नेताओं के बीच सोमवार फिर तीन घंटे बातचीत चली। बैठक में डीसी डॉ. नरहरि सिंह बांगड, पुलिस कप्तान राजेश कुमार, एसडीएम गौरव अंतिल, डीएसपी बिरम सिंह व किसानों की ओर से योगेंद्र यादव, गुरनाम सिंह चढूनी, जोगिंद्र नैन, युद्धवीर शहरावत व जसविंद्र उग्राहा बैठक में शामिल हुए।
इससे पूर्व सुबह करीब 9 बजे विधायक के निजी सचिव राधेश्याम ने समझौते के तौर पर शपथ पत्र दिया था। इसके आधार पर प्रशासन ने दावा किया कि मक्खन सिंह को हत्या प्रयास मामले में जमानत मिल जाएगी। इस केस में धारा 307 हटा दी जाएगी। यह कानूनी प्रक्रिया बाद में पूरी हो जाएगी। इस पर किसान नेता सहमत हो गए। इसके बाद किसान नेता धरना स्थल पर पहुंचे। यहां आकर उन्होंने धरना समाप्त करने का एलान किया।
किसान नेता मक्खन सिंह के वकील सत्यवान डूल्ट ने बताया कि उन्होंने मक्खन सिंह की जमानत के लिए याचिका दायर कर दी है। कोर्ट ने पुलिस को नोटिस कर दिया है। मंगलवार को पुलिस अपना जवाब प्रस्तुत करेगी। इसके बाद कोर्ट अपना फैसला सुनाएगी कि जमानत देनी है या नहीं।
जमानत नहीं हुई, इसलिए दोबारा फंसा पेंच
दरअसल, प्रशासन का दावा था कि आज ही किसान नेता मक्खन सिंह को जमानत मिल जाएगी। मगर कोर्ट ने प्रक्रिया मुताबिक पुलिस से जमानत को लेकर जवाब मांगा है। मंगलवार को पुलिस जवाब दाखिल करेगी। किसानों को शंका है कि कहीं पुलिस अपनी बात से पलट न जाए।
अगर मक्खन सिंह के खिलाफ लगी धारा 307 नहीं हटी तो धरना व्यर्थ जाएगा। इसी बात पर दोनों पक्षों के बीच दोबारा बातचीत शुरू हुई है। हालांकि थाने से धरना उठा लिया गया है। प्रशासन ने फिलहाल एक रात का समय मांगा है इसलिए किसानों ने बात मंगलवार पर छोड़ दी है। चेतावनी दी है कि जमानत नहीं हुई तो दोबारा धरना शुरू कर देंगे।
किसानों की रिहाई को लेकर प्रशासन व किसान नेताओं के साथ बैठक हुई है। दो किसान रिहा चुके है और तीसरे की जमानत को लेकर सहमति बन गई है। किसानों थाने से धरना समाप्त कर दिया है। तीसरे किसान की रिहाई को लेकर प्रक्रिया चल रही है। - गौरव अंतिल, एसडीएम टोहाना।