सूरजकुंड(फरीदाबाद)। जायके की बात हो तो हर कोई अपने पारंपरिक व्यंजनों की ओर खिंचा चला जाता है। फिर वो राष्ट्रपति ही क्यों न हो। सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले में आए राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने ऐसा ही किया।
अपने व्यस्त कार्यक्रम में उन्होंने तमाम व्यंजनों को छोड़ बंगाली व्यंजनों का आनंद लिया। इसके लिए राष्ट्रपति भवन से एक एडवाइजरी आई थी। उसके मुताबिक ही चौपाल पर उनके समक्ष व्यंजन दिए गए। उन्होंने मिस्ठी दोई (मीठी दही) गुड़ संदेश (बंगाली स्वीट डिश) का स्वाद लिया।
व्यंजनों को तैयार करने का जिम्मा इंस्टीट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट को दिया गया था। इसके प्रिंसिपल डॉ. सतवीर सिंह ने ‘अमर उजाला’ को बताया कि चौपाल पर उन्हें बंगाली के अलावा गुजराती स्नैक्स खांडवी भी दिया गया। बेकरी आइटम ब्राउनी देकर अंत में जैसमीन ग्रीन टी पेश की गई।
सिंह ने बताया कि प्रणब दा के लिए भारतीय-विदेशी व्यंजन भी बनाए गए थे, जिनमें खासतौर पर मेजबान राज्य का चूरमा लड्डू एवं सरसों का साग एवं बाजरे की रोटी का भी इंतजाम था। लेकिन उन्होंने खाना नहीं खाया। सिर्फ हल्का नाश्ता लेना पसंद किया।
उधर, थीम स्टेट कर्नाटक द्वारा बनाए गए अपना घर में वहां रह रहे कुर्गी परिवार राष्ट्रपति को कुछ खिलाना चाहता था लेकिन सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें वहां कुछ खाने से मना कर दिया।