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विजेंद्र हत्याकांड : दो मिनट में की हत्या, दो मिनट पहले गुजरी थीं दो पीसीआर

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चरखी दादरी। मकड़ाना निवासी विजेंद्र (48) की हत्या करने में आरोपियों को दो मिनट का समय भी नहीं लगा। अहम बात यह है कि जिस समय हत्या की गई, उससे ठीक दो मिनट पहले घटनास्थल से दो पीसीआर गुजरी थीं, जिनमें एक डायल 112 और दूसरी झोझूकलां थाने की टीम की थी। पीसीआर गुजरने के बाद आरोपी ठेका के सामने पहुंचे और ट्रैक्टर सवार विजेंद्र उर्फ कालिया पर डंडों या किसी लोहे की रॉड से हमला कर दिया। अचानक हुए हमले में विजेंद्र को संभलने तक का मौका नहीं मिला और सिर में गंभीर चोट लगने से उसकी मौत हो गई। इतना ही नहीं, विजेंद्र ट्रैक्टर के पीछे की तरफ सड़क पर गिरा मिला और उसका एक हाथ भी टूटा हुआ था।
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विजेंद्र हत्याकांड, घटनास्थल के समीप लगे सीसीटीवी में कैद हो गया। इसके अनुसार हत्याकांड से पहले विजेंद्र अपना ट्रैक्टर लेकर ठेका के समीप खड़ा था। रात करीब 11:11 मिनट पर पहले वो एक बाइक सवार को रुकवाकर उससे बात करता है और उसी दौरान एक मिनट के अंदर वहां से दो पुलिस वाहन गुजरते हैं। इसके बाद बाइक सवार चला जाता है और विजेंद्र ट्रैक्टर पर सवार हो जाता है। इसके बाद ही हमलावर वहां पहुंचते हैं और दो मिनट के अंदर वारदात को अंजाम देकर वहां से फरार हो जाते हैं। इतना ही नहीं, सीसीटीवी फुटेज के अनुसार हमलावरों के जाने के कुछ देर बाद एक युवक भी वहां आता है जो शव के पास कुछ देर बैठने के बाद वो भी चला जाता है। मृतक विजेंद्र के भतीजे अमित के अनुसार हमलावर सप्लेंडर बाइक पर सवार होकर आए थे और उसने कुछ दूर से उन्हें देखा था।
वहीं, हत्याकांड की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। बाढड़ा डीएसपी देशराज समेत सीआईए और स्पेशल स्टाफ टीम भी मौके पर पहुंची। पुलिस ने मंगलवार सुबह घटनास्थल पर एफएसएल टीम को भी बुलाया। टीम ने शव के अलावा मृतक के ट्रैक्टर की जांच कर सबूत जुटाने का प्रयास किया।
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जमीन को लेकर 1998 में हुए विवाद में हुई थी हत्या -
दरअसल मृतक विजेंद्र के परिवार और आरोपी पक्ष में जमीनी विवाद हुआ था। उस दौरान 1998 में दूसरे पक्ष के एक व्यक्ति पप्पू की मौत हुई थी। पप्पू, विजेंद्र हत्याकांड के एक आरोपी जोगेंद्र का चाचा था। उस मामले में विजेंद्र पर हत्या का केस दर्ज हुआ और कोर्ट ने उसे दस साल की सजा सुनाई थी। मृतक के भतीजे अमित के अनुसार उसके बाद से ही आरोपी पक्ष उनसे रंजिश रखे हुए हैं और अब मौका पाकर हत्याकांड को अब अंजाम दे दिया।
दो भाइयों में बड़ा था मृतक, पांच बच्चों ने खोया पिता -
मृतक विजेंद्र दो भाइयों में बड़ा था और वो खेती करता था। संजय उसका छोटा भाई है और उसके बेटे अमित के बयान पर इस संबंध में हत्या का केस दर्ज किया गया है। दूसरी ओर मृतक विजेंद्र के पांच बच्चे हैं, जिनमें एक बेटा और चार बेटियां हैं। आपसी रंजिश में पांचों बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया।
कार्रवाई की मांग को लेकर सड़क पर लगाया जाम -
मंगलवार सुबह हत्याकांड में कार्रवाई की मांग को लेकर मृतक के परिवार की महिलाएं दादरी-कनीना मुख्यमार्ग पर उतर आईं। उन्होंने आरोपियों की गिरफ्तारी होने के बाद ही शव ले जाने देने और सड़क से हटने की बात कही। इसके बाद डीएसपी देशराज ने उन्हें शांत किया और आधे घंटे बाद महिलाएं सड़क से हटने को तैयार हुईं।
आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए चार टीमें गठित -
मामले की संगीनता को देखते हुए जिला पुलिस हरकत में आई और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास शुरू कर दिए। चिड़िया चौकी और झोझूकलां थाना की एक-एक टीम आरोपियों को काबू करने के लिए दबिश दे रही हैं जबकि सीआईए व स्पेशल स्टाफ टीम ने भी दबिश देनी शुरू कर दी है।
वर्जन::
पुलिस ने हत्याकांड की जांच शुरू कर दी है। टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही हैं। पुलिस ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की है। हत्याकांड को किसी डंडे या लोहे की रॉड से अंजाम देने का अंदेशा है।
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- जसमेर गुलिया, झोझूकलां थाना प्रभारी।
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