चरखी दादरी/बाढड़ा/झोझूकलां। सावन के लोकगीतों के साथ झोझूकलां और बाढड़ा में दो दिवसीय तीज उत्सव का मंगलवार से शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम में पारंपरिक पकवानों और संस्कृति की झलकियां देने को मिली। रंग-बिरंगी पारंपरिक पोशाक पहनकर समारोह में पहुंचीं महिलाओं ने पींग का आनंद उठाया। बाढड़ा अनाज मंडी में आयोजित समारोह की शुरुआत एसडीएम शंभू राठी ने की जबकि झोझूकलां में आयोजन का शुभारंभ बीडीपीओ सुभाषचंद्र ने किया।
अमृत महोत्सव के उपलक्ष्य में प्रदेश सरकार ने सभी जिलों में उपमंडल स्तर पर दो दिवसीय तीज उत्सव का आयोजन किया है। जिले में झोझूकलां और बाढड़ा में तीज उत्सव की शुरुआत मंगलवार से की गई। बाढड़ा में एसडीएम शंभू राठी ने कहा कि गांवों में काम कर रहे स्वयं सहायता समूहों को प्रोत्साहन देने के लिए तीज का मेला लगाया गया है। हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तत्वावधान में मनाए जा रहे इस उत्सव को स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने अपने उत्पादों से सजाया है। हमें समाज का चहुंमुखी विकास करने के लिए ग्रामीण क्षेत्र की महिलाओं को आर्थिक रूप से सबल बनाना होगा। इसलिए लोग सेल्फ हेल्प ग्रुप की बनाई गई वस्तुओं को खरीदना शुरू करें। महिला एवं बाल विकास विभाग की कार्यक्रम अधिकारी गीता सहारण ने कहा कि सरकार ने पहली बार यह उत्सव मनाया है। इससे स्वयं सहायता समूह में मेहनत कर रही महिलाओं को काम करने का नया उत्साह पैदा होगा। खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी रोशन अलाल श्योराण ने कहा कि हमारी ग्राम इकाई विकसित और मजबूत होगी तो देश भी सशक्तीकरण की ओर आगे बढ़ेगा। इस मौके पर पूर्व सरपंच राकेश कुमार, शमशेर सिंह, आजीविका मिशन के खंड समन्वयक सोनू इत्यादि उपस्थित रहे।
सांस्कृतिक कार्यक्रम की दीं मनमोहक प्रस्तुतियां
उत्सव के दौरान मनभावन सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। विद्यार्थियों ने भी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिये सबका ध्यान आकर्षित किया। उत्स्वसव में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने अतिथियों को गोलगप्पे, चाट-पकौड़ी, गुलगुले भी खिलाए।
झोझूकलां में करवाईं स्पर्धाएं
झोझूकलां स्कूल प्रांगण में आयोजित उत्सव में मेंहदी प्रयोगिता, तीज की सुहाली, पापड़ी, लोक सांस्कृतिक गीत और नृत्य की झूम मची। हुई थी। बच्चे और युवतियां ने झूलों का आनंद उठा रही थीं। तीज उत्सव में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने स्टाल लगाकर खिलौने, पीढ़ा, पायदान, कपड़े, अचार आदि की सुदंर प्रदर्शनी लगाई हुई थी।