कोरोना टीका उत्सव के दूसरे दिन स्वास्थ्य विभाग ने 4453 लोगों को कोरोना वैक्सीन की डोज दी। टीकाकरण शुरू होने से लेकर अब तक एक दिन में यह दूसरा सबसे अधिक वैक्सीनेशन है। टीकाकरण उत्सव के दूसरे दिन भी जिला स्वास्थ्य विभाग ने लक्ष्य से अधिक लोगों को वैक्सीन लगाई। विभाग जिले में अब तक 55736 लोगों को कवर कर चुका है।
जिला वैक्सीनेशन इंचार्ज डॉक्टर आशीष मान ने बताया कि सोमवार को जिले में 17 सेशन और 50 से अधिक आउटरीच सेशन लगाकर टीकाकरण किया गया। उन्होंने बताया कि मातृ-शिशु अस्पताल को छोड़कर सभी सेशन में 100 से अधिक लोगों को वैक्सीन लगाई गई। टीकाकरण में दादरी सिविल अस्पताल सबसे आगे रहा और यहां 488 लोगों को वैक्सीन की डोज दी गई।
डिप्टी सीएमओ डॉ. आशीष मान ने बताया कि अब तक जिले में एक दिन के अंदर अधिकतम छह हजार लोगों का वैक्सीनेशन कार्य किया गया है। उन्होंने बताया कि अगले दो दिन और टीका उत्सव कार्यक्रम चलेगा और इसके तहत जिले में 70 से अधिक वैक्सीनेशन प्वाइंट बनाए जाएंगे। उन्होंने बताया कि कोविशील्ड और को-वैक्सीन की फिलहाल पर्याप्त स्टॉक है और जल्द ही वैक्सीन की अगली खेप की डिमांड भेजी जाएगी।
सीएमओ लेते रहे अपडेट, और तेजी लाने के दिए निर्देश
सीएमओ डॉ. सुदर्शन पंवार वैक्सीनेशन प्वाइंटों की संख्या बढ़ने पर सोमवार को लगातार अपडेट लेते रहे। सोमवार को हुए वैक्सीनेशन कार्य से सीएमओ संतुष्ट नजर आए। हालांकि उन्होंने टीम को इस कार्य में और तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। सीएमओ का कहना है कि जिले में के ज्यादा से ज्यादा संख्या में लोगों को कवर करने का प्रयास जारी है।
किस केंद्र पर कितने लोगों ने लगवाई वैक्सीन
डॉक्टर आशीष मान ने बताया कि सोमवार को मानकवास में 210, बौंद में 209, अचीना में 200, रानीला में 107, सांवड़ में 308, दादरी जीएच में 488, इमलोटा में 214, एमसीएस में 63, गोपी सीएचसी में 320, बाढड़ा पीएचसी में 303, हड़ौदी पीएचसी में 288, कादमा में 206, छपार में 160, झोझूकलां में 435, बलकरा में 320, माई कलां में 350 और संतोखपुरा में 278 लोगों ने वैक्सीन लगवाई।
कोर्ट कॉम्पलेक्स और लघु सचिवालय में किया टीकाकरण
आशीष मान ने बताया कि कोरोना टीकाकरण कार्य को गति देने के लिए सोमवार को लघु सचिवालय और कोर्ट कॉम्पलेक्स में भी शिविर लगाया गया। यहां कर्मचारियों और अधिकारियों को वैक्सीन की डोज दी गई। डॉ. मान ने बताया कि सभी सरकारी विभागों में टीकाकरण कार्य किया जाना है और लघु सचिवालय से इसकी शुरुआत की गई है।