चरखी दादरी। सिंचाई विभाग ने खेड़ी सनसनवाल माइनर जीर्णोद्धार कार्य पर 70 लाख का बजट खर्च किया है। माइनर की कायाकल्प होने से अब रिसाव बंद होगा और पानी की बर्बादी रुकेगी। दूसरी ओर अब टेल तक भी पानी पहुंच सकेगा।
नहरों से रिसाव के जरिये पानी की बर्बादी होती है और कई दफा तो नहर व माइनर टूट भी जाती हैं। इन्हें रोकने के लिए सिंचाई विभाग माइनरों का जीर्णोद्धार करवा रहा है। इस समय जिले में करीब 10 से ज्यादा ऐसी माइनर हैं जो अपना अस्तित्व खोने के कगार पर हैं। इन माइनरों का सही ढंग से रखरखाव न होने की वजह से हालत खराब हो गई है।
- चार गांवों की 1500 एकड़ जमीन की हो सकेगी सिंचाई
खेड़ी मानइर से गांव टिकान कलां, खेड़ी सनसनवाल, महराणा व आसपास के गांवों की करीब 1500 एकड़ जमीन की सिंचाई हो सकेगी। माइनर के अब पलस्तर की बनने से इसकी पानी की क्षमता भी बढ़ जाएगी। इससे पानी की आपूर्ति में सुधार होगा। इन गांवों के तालाबों व जलघरों में भी पानी की आपूर्ति में सुविधा होगी।
- अन्य माइनर पर खर्च होगा 1.79 करोड़ का बजट
खेड़ी सनसनवाल माइनर की तरह अन्य माइनरों पर 1.79 करोड़ का बजट खर्च करने की योजना है। कई माइनर तो ऐसे हैं जो पानी छोड़ने की स्थिति में ही नहीं हैं। बीच-बीच में इन माइनरों में कट बने हुए हैं। घास व मिट्टी का जमाव होने से माइनर जवाब दे गई हैं।
- लोहारू व बधवाना नहर का भी होना है नवीनीकरण
सिंचाई विभाग जिले की मेन लोहारू कैनाल व बधवाना डिस्टीब्यूट्री नहर का भी नवीनीकरण करेगा। इस प्रोजेक्ट पर 50 करोड़ से ज्यादा बजट खर्च होने का अनुमान है। इसके लिए एस्टीमेट फाइल हेड ऑफिस भेज हुई है। इन दोनों नहरों की पानी की क्षमता 1000 हजार क्यूसेक है।
खेड़ी सनसनवाल माइनर का नवीनीकरण कर दिया गया है। इससे अब पानी की बर्बादी नहीं होगी। पानी आसानी से टेल तक पहुंचेगा। धीरे-धीरे सभी नहरों की नवीनीकरण करने की योजना है।
-सतेंद्र कुमार, एक्सईएन, सिंचाई विभाग