संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। जिले के मातृ सेवा सदन (एमसीएच) में पिछले 5 माह से आरबीएस स्ट्रिप, रैंडम ब्लड शुगर रेंज का स्टॉक खत्म हो चुका है। ऐसे में शुगर की जांच करवाने आए मरीजों को बाहर निजी लैब में टेस्ट करवाने को मजबूर होना पड़ रहा है। इससे सैकड़ों मरीजों को आर्थिक व मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, अधिकारियों को दावा है कि अगले सप्ताह तक एमसीएच में स्ट्रिप पहुंच जाएगी। एमसीएच के लिए बजट भेजा गया है।
नागरिक अस्पताल में 18000 आरबीएस स्ट्रिप पहुंची हुई है। अब देखने वाली बात यह है कि नागरिक अस्पताल से लगभग दो किलोमीटर दूर स्थित एमसीएच में यह स्ट्रिप कब तक पहुंच पाती हैं। मरीजों की बात करें तो नागरिक अस्पताल में प्रतिदिन जहां 170 मरीज जांच करवाने के लिए आते है, वहीं एमसीएच में लगभग 80 मरीज अपना शुगर लेवल जानने के लिए पहुंच रहे हैं। शहर के दोनों अस्पतालों में प्रतिदिन 250 मरीज जांच करवाने के लिए आते हैं।
निजी लैब संचालक लेते हैं 50 रुपये फीस
अस्पताल में शुगर लेवल जांच करवाने आए वार्ड 14 निवासी मरीज भूपेंद्र सिंह, अजीत कुमार, संदीप सैनी, वेदप्रकाश आदि ने बताया कि अस्पताल में शुगर की जांच नही होने से मरीजों को निजी लैब में जांच करवानी पड़ रही है। उन्होंने बताया कि लैब संचालक प्रति मरीज 50 रुपये तक फीस वसूलते हैं।
कई मरीज को रोजाना करवानी पड़ती है शुगर जांच
नागरिक अस्पताल प्रशासन की लापरवाही के चलते शुगर लेवल की जांच करवाने के लिए हर रोज 180 मरीज आते हैं। अस्पताल में कई मरीज तो ऐसे हैं, जिनकी शुगर जांच प्रतिदिन होती है। ऐसे में सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि पिछले पांच माह के दौरान निजी लैब से लगभग 25,000 मरीजों ने जेब से पैसे खर्च कर शुगर की जांच करवाई गई है।
तीन माह तक हो सकेगी जांचनागरिक अस्पताल में सोमवार सुबह 18,000 आरबीएस स्ट्रिप भेजी गई है। इन स्ट्रिप से लगभग तीन माह तक मरीजों के शुगर की जांच हो सकेगी। स्ट्रिप पहुंचने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली है।
नागरिक अस्पताल में 18,000 आरबीएस स्ट्रिप पहुंचा दी गई है। एमसीएच के लिए बजट भेजा गया है। अगले सप्ताह तक एमसीएच में भी शुगर लेवल जांचने की स्ट्रिप पहुंच जाएगी। - डॉ. केशव सोलंकी, एसएमओ
फोटो 15: नागरिक अस्पताल में शुगर लेवल की जांच करते हुए स्टाफ नर्स। संवाद
फोटो 16 : शहर के एमसीएच स्थित लैब में उपस्थित एलटी व सहायक। संवाद