चरखी दादरी। वार्षिक बजट के लिए नगर परिषद की ओर से मंगलवार को सदन की बैठक बुलाई गई। इसमें बजट पर चर्चा की गई और पार्षदों के विरोध के चलते तीसरी दफा भी बैठक हंगामे की भेंट चढ़ गई। बैठक में 19 पार्षद व प्रतिनिधि मौजूद रहे जबकि 13 ने विरोध दर्ज कराया।
पार्षदों ने बैठक में चेयरमैन बक्शीराम सैनी पर वार्डों में किए जा रहे कार्यों में पक्षपात और भ्रष्टाचार करने के आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि बजट की राशि का उचित उपयोग नहीं किया जा रहा है। सामान भी समान रूप से वितरित नहीं किया गया है। इसके साथ ही शहर में सफाई व्यवस्था पर सवाल उठाए गए। कर्मचारियों को वार्डों से हटाने का आरोप भी लगाया गया।
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बैठक में अनुमानित बजट 39.20 करोड़ और खर्च 39.8 करोड़ बताया गया। इसके बाद पार्षदों ने चेयरमैन से पिछले साल के बजट संबंधी जानकारी और दस्तावेज मांगे। साथ ही पिछली बैठक में उठाए गए मुद्दों पर भी गौर न करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि नगर परिषद की ओर से रोहिंग्या लोगों के बिना किसी जांच के फर्जी तरीके से आधार कार्ड बनाए गए हैं। इसमें सीएसआई की मुहर तक लगी है। उनके नाम आधार कार्ड में राम-लक्ष्मण आदि प्रकार लिखे गए हैं। उन्होंने इनकी जांच कराने की मांग उठाई।
अंत में पूर्ण दस्तावेज न मिलने का हवाला देकर उन्होंने बैठक का बहिष्कार किया और विरोध दर्ज कराया। इसके अलावा पार्कों के जीर्णोद्धार व 15 लाख रुपये का पेट्रोल का हिसाब देने का मुद्दा भी उठा।