पोस्टमार्टम के दस्तावेज पर मृतक के भाई के हस्ताक्षर करवाता पुलिसकर्मी।
चरखी दादरी। गांव इमलोटा स्थित पुलिस चौकी नाका पर तैनात होमगार्ड को तेज रफ्तार वाहन ने कुचल दिया। मृतक देवेंद्र (45) गांव रावलधी के रहने वाले थे और पिछले करीब 22 सालों से पुलिस विभाग में बतौर होमगार्ड सेवाएं दे रहे थे। उनके परिजनों व ग्रामीणों ने बेटे को नौकरी देने और आरोपी चालक का पता लगाकर कार्रवाई करने की मांग की।
मृतक होमगार्ड देवेंद्र के भाई तेजपाल और यशवंत ने बताया कि देवेंद्र के दो बेटे हैं और घर का खर्च उसी के सहारे चलता था। देवेंद्र की ड्यूटी इमलोटा पुलिस चौकी नाका पर थी और रविवार रात 10 से सुबह 6 बजे तक उसकी ड्यूटी थी। देर शाम वो घर से ड्यूटी पर गया था। रात करीब दो बजे तक उसकी अपने साथी होमगार्ड से फोन पर बात हुई।
इसके बाद किसी चालक ने नाका ड्यूटी पर तैनात अन्य स्टाफ को सूचना दी कि आपके किसी जवान को किसी वाहन ने कुचल दिया है और शव नाका के पास पड़ा है। इसके बाद अन्य पुलिसकर्मी वहां पहुंचे तो शव होमगार्ड देवेंद्र का मिला।
इसके बाद उच्चाधिकारियों को सूचित किया गया जबकि देवेंद्र का शव पोस्टमार्टम के लिए दादरी नागरिक अस्पताल में भेजा गया। वहीं, हादसे की सूचना मिलते ही रावलधी के ग्रामीण नागरिक अस्पताल पहुंचे। वहां पुलिस ने मृतक के परिजनों के बयान दर्ज किए और चालक पर केस दर्ज किया।