चरखी दादरी। जिले के पांच राजीव गांधी खेल स्टेडियमों की खेल सुविधाओं में विभाग विस्तार करेगा। इसके तहत इन स्टेडियम की मरम्मत भी करवाई जाएगी। इस परियोजना पर खेल विभाग 1,33,24,000 रुपये का बजट खर्च करेगा। विभाग ने अंतिम मंजूरी के लिए फाइल मुख्यालय भेज दी है। वहां से स्वीकृति मिलते ही आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर धरातल पर काम शुरू करवा दिया जाएगा। पांचों स्टेडियम की दशा सुधरने से करीब 2,000 खिलाड़ियों को लाभ मिलेगा।
जिले में 15 छोटे स्टेडियम भी हैं और ये पंचायत स्तर के हैं। कांग्रेस सरकार के शासनकाल में राजीव गांधी खेल स्टेडियमों का निर्माण हुआ था। ऐसे में इनका निर्माण हुए करीब 11 साल का समय हो चुका है। अब इन स्टेडियमों की हालत खराब बनी है। कहीं चहारदीवारी टूटी है तो किसी स्टेडियम में शौचालय की सुविधा नहीं है। शीशे व दरवाजे-खिड़कियां टूटे हैं। वहीं, खेल ट्रैक की हालत भी दयनीय है जिससे खिलाड़ी परेशान हैं।
अब विभाग जर्जर हो चुके खेल स्टेडियमों की सुध लेने जा रहा है। इनमें खेल सुविधाओं में विस्तार के अलावा मरम्मत का कार्य भी होगा। कंडम हो चुके ट्रैक की मरम्मत की जाएगी। टूटी चहारदीवारी का निर्माण कराया जाएगा। रंगरोगन कर सभी जरूरी सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी। विभाग ने इसके लिए फाइल मुख्यालय भेज दी है।
- कोच करवाते हैं इन खेलों का अभ्यास
राजीव गांधी खेल स्टेडियम में कुश्ती, वॉलीबाल, फुटबाल, कबड्डी, दौड़ ट्रैक, हॉकी का गेम कोर्ट बना है। विभाग ने कोच भी तैनात हैं जो सुबह-शाम खेल अभ्यास करवाते हैं। जिला में तकरीबन हर प्रकार के खेलों से जुड़े खिलाड़ी हैं। खेल विभाग ने स्टेडियमों के अलावा 24 खेल नर्सरी भी खोल रखी है जिनमें किशोर खिलाड़ी अभ्यास करते हैं। इन नर्सरियों में अनुबंध तौर पर कोच की तैनाती कर रखी हैं। क्षेत्र में जिस खेल के प्रति युवाओं की रुचि है उसी के अनुसार खेल स्टेडियम बना रखे हैं।
किस स्टेडियम के लिए कितनी राशि चाहिए
राजीव गांधी स्टेडियम चांदवास पर 27,33,000 रुपये का बजट खर्च किया जाएगा। इसी प्रकार अचीना स्टेडियम पर 23,54,000 रुपये का खर्च आएगा। झोझूकलां स्टेडियम के लिए 29,13,000 रुपये, छपार स्टेडियम पर 26,70,000, मकड़ाना स्टेडियम पर 26,54,000 रुपये का बजट खर्च होना है। यह बजट जल्द मिलने की उम्मीद है।
जिले में छह में से पांच राजीव गांधी खेल स्टेडियमों की मरम्मत की जाएगी। सुविधाओं में भी विस्तार होगा। बजट की मंजूरी के लिए फाइल मुख्यालय में भेज दी गई है। विभाग खिलाड़ियों के लिए अधिकतम सुविधाएं जुटा रहा है। सरकार व विभाग की तरफ से खिलाड़ियाें के समक्ष बजट या अन्य कोई कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी। - बस्तीराम, जिला खेल अधिकारी, चरखी दादरी।