जिले के बाढड़ा उपमंडल में एक एकड़ जमीन पर दमकल विभाग कार्यालय बनेगा। सरकार ने इसके लिए स्वीकृति दे दी है। पंचायत की ओर से भी इस संबंध में प्रस्ताव पारित किया जा चुका है। यहां दमकल विभाग कार्यालय बनने से 55 गांवों के लोगों को राहत मिलेगी।
जिले में इस समय दादरी शहर में ही एकमात्र दमकल कार्यालय है। वहां भी पूरा स्टाफ व पर्याप्त संसाधन नहीं हैं। दमकल विभाग में 22 कर्मचारी ही तैनात हैं, जबकि जिला स्तर पर कम से कम 55 का स्टाफ चाहिए। इस समय रबी की फसलों की कटाई का सीजन चल रहा है। मौजूदा रबी फसल कटाई सीजन में अब तक जिले में 10 एकड़ में गेहूूं की फसल जल चुकी है। हर साल औसत करीब 200 एकड़ फसल आग की भेंट चढ़ जाती है। बाढड़ा उपमंडल में आग लगने की घटनाएं ज्यादा होती हैं और दमकल गाड़ी की सुविधा नहीं है। दादरी शहर से ही दमकल गाड़ी पहुंचती हैं, तब तक मोटा नुकसान हो जाता है। इसके देखते हुए उपमंडल में दमकल विभाग कार्यालय बनाने की स्वीकृति सरकार ने दे दी है। पंचायत की ओर से भी इस संबंध में प्रस्ताव पारित किया जा चुका है। यहां दमकल विभाग कार्यालय बनने से 55 गांवों के लोगों को राहत मिलेगी।
दो गाड़ियों की भी भेजी है डिमांड
अब बाढड़ा में दमकल कार्यालय निर्माण के लिए स्वीकृति मिलने के बाद दमकल की सुविधा शुरू होने की उम्मीद है। इसके लिए पंचायत की ओर से जमीन संबंधी प्रस्ताव पहले ही पास किया जा चुका है। यहां एक एकड़ क्षेत्र में दमकल विभाग का नया भवन बनाया जाएगा। भवन निर्माण के लिए जल्द ही बजट मिलने की उम्मीद है। विभाग ने यहां दो दमकल गाड़ियों की भी डिमांड भेजी है। जल्द ही बाढड़ा को दो दमकल गाड़ी भी मिलने की उम्मीद है।
35 किलोमीटर है दादरी से बाढड़ा की दूरी
बाढड़ा क्षेत्र में 53 गांव हैं। दादरी शहर से बाढड़ा की दूरी करीब 35 किलोमीटर है। जिस दिन दादरी जिला घोषित किया गया था, उस दौरान बाढड़ा को उपमंडल का दर्जा दिया गया था। उपमंडल बनने के बाद यहां अब मिनी सचिवालय निर्माण की मांग भी लोगों द्वारा उठाई जा रही है, ताकि एसडीएम व तहसील कार्यालय को भवन मिल सके।
दमकल कार्यालय के लिए भवन बनाने के लिए एक एकड़ जगह फाइनल हो गई है। विभाग ने यहां दो दमकल गाड़ियां की डिमांड भी भेज दी है। दमकल गाड़ी मिलने पर नया भवन नहीं बनने तक अस्थायी कार्यालय बनाकर काम चलाया जाएगा।
सुरेश कुमार, जिला फायर ऑफिसर, दमकल विभाग