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Charkhi Dadri: एक्स-रे लैब संचालक के सर्विस समझौता दस्तावेज में किया फर्जीवाड़ा, कोर्ट के आदेश पर तीन पर केस

Wed, 31 Jul 2024 01:11 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी (हरियाणा)

सार

एक्स-रे लैब संचालक का आरोप है कि पुराने एग्रीमेंट से उसके डिजिटल हस्ताक्षर और मुहर उठाकर कंपनी ने नए वार्षिक एग्रीमेंट की शर्तें बदली। पुलिस को शिकायत देने पर कार्रवाई नहीं हुई तो कोर्ट में याचिका दायर की।
 
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सीआर सिस्टम जिसके सर्विस एग्रीमेंट में फर्जीवाड़ा किया गया। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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चरखी दादरी शहर के एक्स-रे लैब संचालक ने एक कंपनी पर सर्विस समझौता में फर्जीवाड़ा करने का आरोप लगाया है। उसकी याचिका पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने कंपनी के इंजीनियर, सर्विस करने वाले कर्मचारी और मैनेजर के खिलाफ मामला दर्ज करने का आदेश दिया और एक सप्ताह बाद शहर थाना पुलिस ने तीनों के खिलाफ धारा 120-बी, 406, 420, 467, 468 व 471 के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। 

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याचिकाकर्ता जितेंद्र जटासरा ने बताया कि वह शहर के लोहारू रोड का निवासी है। उसने सिविल अस्पताल के पास एक्स-रे लैब की हुई है। एक्सरे मशीन के सीआर सिस्टम का सर्विस समझौता एक कंपनी से किया था और वर्ष 2016 से वो कंपनी के संपर्क में है।

पुराने सर्विस समझौता के अनुसार एक साल के लिए उसे 17700 रुपये देने थे। इसमें तीन सर्विस के अलावा मशीन जितनी बार भी बंद हो उसे ठीक करने की शर्त थी। नवंबर 2022 में कंपनी सर्विस इंजीनियर अनुराग उसकी दुकान पर आया और सिस्टम की सर्विस की। साथ ही वह 17700 रुपये का चैक भी ले गया और नए सर्विस समझौता पर पुराने समझौते से उसके हस्ताक्षर व मुहर उठाकर प्रयोग कर दी। ये समझौता दसतावेज 23 नवंबर 2022 से 22 नवंबर 2023 तक बनाया गया।
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याचिकाकर्ता ने बताया कि नए समझौते के दस्तावेज में सेवाओं में कटौती भी उसे बिन बताए की गई। सर्विस को तीन की जगह दो कर दिया जबकि मशीन ब्रेकडाउन सर्विस भी दो बार के लिए ही तय कर दी गई। इस संबंध में उसने 6 मार्च को बस स्टैंड पुलिस चौकी और 7 मई को पुलिस अधीक्षक को शिकायत दी। लेकिन पुलिस ने मामले में कोई संज्ञान नहीं लिया। 

तीसरी सुनवाई में मामला दर्ज करने के आदेश
याचिकाकर्ता ने बताया कि 6 जुलाई को उसने कोर्ट में याचिका दायर की। कोर्ट ने दूसरी सुनवाई में पुलिस से स्टेट्स रिपोर्ट मांगी। उसका आरोप है कि इसके बाद पुलिस ने बिना उसके बयान लिए स्टेट्स रिपोर्ट जमा कर दी। कोर्ट ने 23 जुलाई को तीसरी सुनवाई के दौरान पुलिस को तीनों पर मामला दर्ज करने का आदेश दिया और शहर थाना पुलिस ने 30 जुलाई की शाम इस संबंध में इंजीनियर अनुराग, मनीष सर्विस औरकंपनी के मैनेजेर के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया।

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