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घरों में पहुंच रहा दूषित पानी, 20 किलोमीटर लंबी पेयजल लाइन बदलने का मामला ठंडे बस्ते में

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पेयजल संकट के चलते टैंकर से पानी भरते लोग। - फोटो : CharkhiDadri
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चरखी दादरी। शहर में सीवर मिक्स पेयजल की आपूर्ति का स्थायी समाधान करने के लिए करीब 20 किलोमीटर लंबी पेयजल लाइन को बदलने की जरूरत है। इसके लिए विभाग एस्टिमेट तैयार कर हैड ऑफिस भेज चुका है, लेकिन मंजूरी नहीं मिल पा रही है। सरकार की ओर से फाइल अटकाने के कारण शहर की करीब 30 फीसदी आबादी को सीवर मिक्स पेयजल आपूर्ति की समस्या का दंश झेलना पड़ रहा है। वहीं, विभागीय अधिकारियों का तर्क है कि सरकार से अनुमति मिलते ही पेयजल लाइन बदलने का काम शुरू करवा दिया जाएगा। शहर में करीब 45 साल पुरानी पेयजल लाइनें हैं जो कंडम हो चुकी हैं।
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शहर में पेयजल की गुणवत्ता लंबे समय से नहीं है। शहर में करीब 40 किलोमीटर लंबी पेयजल लाइनें हैं। जिस समय शहर का जलघर बना था, उसी समय ये मेन लाइनें बिछाई गई थीं। ये मेन लाइनें अब जवाब दे चुकी हैं। इनके साथ-साथ ही सीवर की लाइनें भी बिछा रखी हैं। अब पेयजल लाइनों के जर्जर होने की वजह से इनमें सीवर का पानी मिक्स होकर सप्लाई हो रहा है।
जिस समय पेयजल लाइनें बिछाई गई थी, उस समय पुरानी तकनीक थी। अब विभाग हर जगह लोहे की डीआई पाइप लाइनें बिछा रहा है। इन पाइप में जंग नहीं लगता और इनकी उम्र भी लंबी होती है। शहर में इस समय दो जलघर हैं। मेन जलघर चंपापुरी में और दूसरा रामनगर में बना है। चंपापुरी जलघर करीब 45 साल पुराना है। इस जलघर को आधुनिक तकनीकी ढांचे से अपडेट करने की जरूरत है। शहर के लोगों की लंबे समय से सीवरयुक्त पानी की शिकायत बनी हुई है। खासकर पुराने शहर एरिया में हालात ज्यादा खराब हैं। नई कालोनियों में यह समस्या कुछ हद तक कम है। दूषित पेयजल आपूर्ति से ही पेट, लीवर, आंत संबंधी रोगों को ज्यादा बढ़ावा मिलता है।
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2020 में तैयार हुआ था पौने तीन करोड़ का एस्टिमेट
जनस्वास्थ्य विभाग को इसके लिए योजना तैयार करने की जरूरत है। विभाग ने सन 2020 में पौने तीन करोड़ का एस्टिमेट तैयार कर हैड ऑफिस भेजा था, लेकिन इसकी मंजूरी नहीं मिली है। जलघर से चंपापुरी कॉलोनी, रोहतक रोड मेन लाइन को बदलने की जरूरत है। इस मेन लाइन में अवैध कनेक्शन भी हैं। विभाग अधिकारियों का तर्क होता है कि मंजूरी व बजट मिलने पर ही प्रोजेक्ट को पूरा किया जा सकता है। अधिकारी तो पेपर वर्क पूरा कर सकते हैं।
इन क्षेत्रों में बनी दूषित पेयजल आपूर्ति की समस्या
इस समय शहर के गांधी नगर, हरि नगर, प्रेम नगर, छोटी बाजारी, सुभाष चौक, मुख्य बाजार, वार्ड-17, वार्ड-14, वाल्मीकि बस्ती, रविदास नगर, वार्ड-पांच आदि क्षेत्रों में सीवर मिक्स पेयजल आपूर्ति की समस्या बनी हुई है।
वर्जन
जैसे ही हैड ऑफिस से किसी प्रोजेक्ट की मंजूरी मिल जाती है, विभाग तत्परता से काम पूरा करवाता है। जल्द इी इस प्रोजेक्ट को मंजूरी मिलने की उम्मीद है। सीवर मिक्स पानी की समस्या का स्थायी समाधान जल्द कर दिया जाएगा।
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- जगदीशचंद्र, जनस्वास्थ्य विभाग, एसडीओ
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