चरखी दादरी। भीषण गर्मी में जहां एक ओर इंसान परेशान है तो वहीं दूसरी ओर पशु-पक्षी भी पानी व दाने के लिए तरस रहे हैं। लगातार कम होते पेड़ों की वजह से पक्षियों की संख्या भी कम हो रही है। जीव-जंतुओं के अस्तित्व को समझते हुए सामाजिक कार्यकर्ता संजय रामफल ने अपने घर पर घोंसले लगाकर पक्षी मेरे अतिथि अभियान की शुरुआत की।
संजय ने कहा कि गर्मी में यदि हम पक्षियों को अपने घरों में जल उपलब्ध करा पाएं तो यह छोटा प्रयास उनके अस्तित्व को बचाने की मुहिम का बड़ा हिस्सा बन सकता है। पक्षियों को मेहमान मानकर घरों में पानी रखें और दाने का भी इंतजाम करें। पक्षियों के संरक्षण की आज बहुत आवश्यकता है। पक्षी भी पौधरोपण करने में अहम भूमिका निभाते हैं। उनके माध्यम से ही बीजों का स्थानांतरण होता है ।