फोटो 22 : दादरी की नई अनाज मंडी में लगीं धान की ढेरियां। संवाद
सरकारी खरीद न होने के बावजूद मार्केट कमेटी को मिलेगा राजस्व
संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। दादरी की नई अनाज मंडी में धान की आवक शुरू हो गई है। हालांकि, बासमती 1121 की सरकारी खरीद नहीं हो रही लेकिन मंडी में आढ़तियों की ओर से धान की खरीद करने से सरकार को मार्केट कमेटी फीस के रूप में अतिरिक्त आमदनी होने की संभावना है। मार्केट कमेटी के अधिकारियों का कहना है कि पिछले साल मंडी में 70 हजार क्विंटल धान की आवक दर्ज की गई थी।
भले ही सरकार की ओर से पीआर मार्का धान की सरकारी खरीद करने का निर्णय लिया गया है। लेकिन स्थानीय क्षेत्र के अधिकतर किसानों ने बासमती 1121 व 1718 धान उगाया है। धान की कटाई के साथ ही अनाज मंडी में आवक भी रफ्तार पकड़ती जा रही है।
मार्केट कमेटी के अधिकारियों का कहना है कि मंडी में पहुंच रही धान की फसल बासमती 1121 है, जो सरकार की ओर से खरीदी जा रही पीआर क्वालिटी से बेहतर है। इसको मंडी के आढ़ती खरीद रहे हैं। उन्होंने बताया कि मंडी में 2,500 रुपये से अधिक में बिकने वाले धान पर आढ़तियों को 50 रुपये प्रति क्विंटल मार्केट फीस के रूप में देने होते हैं। जो सरकार को अतिरिक्त लाभ देने का कार्य करेगी।
पोर्टल पर दर्ज आंकड़ों के अनुसार, जिले में मेरी फसल, मेरा ब्योरा पोर्टल पर 5,343 एकड़ जमीन का पीआर धान के लिए पंजीकरण करवाया गया है। वहीं, 15,000 एकड़ में बासमती धान का ब्योरा पोर्टल पर दर्ज है। फिलहाल, अनाज मंडी में पहुंचा 2,651 क्विंटल धान मंडी रिकॉर्ड में दर्ज किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि किसान अपनी मर्जी के अनुसार धान की फसल को कहीं भी बेच सकता है।
वर्सन:
मंडी में पिछले साल भी लगभग 70 हजार क्विंटल धान की आवक दर्ज की गई थी। इस साल भी बासमती धान की आवक बढ़ने लगी है। धान की फसल को किसान जहां भी अच्छी कीमत मिले वहां बेच सकते हैं।
- विजय कुमार, सचिव, मार्केट कमेटी।